बिहार

डिजिटल पत्रकार के न्याय को लेकर संघ ने सौंपी एसडीपीओ को ज्ञापन

अररिया/फारबिसगंज, (न्यूज़ क्राइम 24) जोगबनी में भाजपा नेता एवं नगर परिषद के मुख्य पार्षद पति रोहित यादव और उसके गुर्गों के द्वारा डिजिटल पत्रकार साधन यादव के साथ किए गए मारपीट और अभद्र व्यवहार मामले में आवदेन के बावजूद केस दर्ज नहीं होने और उल्टा अनुसूचित जाति जनजाति एक्ट के तहत डिजिटल पत्रकार पर ही मुकदमा किए जाने को लेकर डिजिटल प्रेस क्लब ने फारबिसगंज एसडीपीओ मुकेश कुमार साहा को शुक्रवार को आवेदन सौंप निष्पक्ष जांच कर कार्रवाई किए जाने की मांग की।संघ के अध्यक्ष शुभम कुमार के नेतृत्व में डिजिटल पत्रकारों का एक शिष्टमंडल शुक्रवार को एसडीपीओ से मुलाकात कर आवेदन सौंपते हुए निष्पक्ष जांच की मांग की।जिस पर एसडीपीओ ने पत्रकारों को समुचित कार्रवाई का भरोसा दिलाया।

सौंपे गए आवेदन में बताया गया कि बथनाहा थाना क्षेत्र के श्यामनगर के रहने वाले 45 वर्षीय डिजिटल पत्रकार साधन यादव जोगबनी नगर परिषद वार्ड नं. 28 में नाला निर्माण कार्य से जुड़ी खबर की कवरेज के दौरान अभद्र व्यवहार, मारपीट और जान से मारने की धमकी दी गई।जोगबनी नगर परिषद कार्यालय से जबरन उठाकर भाजपा नेता एवं मुख्य पार्षद पति रोहित यादव और उनके दस से बारह संख्या में गुर्गों द्वारा अपने घर ले जाकर गाली गलौज और मारपीट का आरोप लगाया गया।आवदेन में जबरन नशीली पदार्थ खिलाकर सादे कागज पर साइन करवाने के साथ जान से मारने की धमकी दिए जाने का आरोप लगाया गया।पीड़ित द्वारा लिखित शिकायत एसपी,एसडीपीओ के साथ जोगबनी और बथनाहा थानाध्यक्ष को दिए जाने के बावजूद किसी तरह की कार्रवाई के बजाय उल्टे एससी एसटी एक्ट के तहत झूठा मुकदमा करवाने का आरोप लगाया गया।आवेदनकर्ता घनश्याम कुमार राम के नाम से फर्जी मुकदमा दर्ज करने की बात ज्ञापन में कही गई। इससे पहले डिजिटल प्रेस क्लब की मीटिंग हुई, जिसमें घटना की कड़ी निंदा करते हुए मामले की उच्च स्तरीय जांच की मांग की।

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