शेखपुरा, उमेश कुमार : जिला पदाधिकारी के निर्देश पर आज समाहरणालय स्थित प्रकोष्ठ में अपर समाहर्ता श्री लखींद्र पासवान की अध्यक्षता में ‘जिला जनता दरबार’ का आयोजन किया गया। जनता दरबार में जिले के विभिन्न क्षेत्रों से आए नागरिकों ने अपनी समस्याएं रखीं। कुल 17 आवेदन प्राप्त हुए।
भूमि विवाद और बुनियादी सुविधाओं के मामले छाए रहे
अपर समाहर्ता के समक्ष आई अधिकांश शिकायतें भूमि विवाद और बुनियादी सुविधाओं से जुड़ी थीं। जमीन का रसीद काटने, दाखिल-खारिज में देरी और भूमि विवाद के कई मामले सामने आए।
ये मामले भी आए सामने:
- सामाजिक मामले: माता-पिता के भरण-पोषण से जुड़े संवेदनशील मामले।
- कब्जा व चोरी: जबरदस्ती घर पर कब्जा करने और घर में चोरी की घटना की शिकायत।
- पेयजल-बिजली: पेयजल की किल्लत, नल-जल योजना के ऑपरेटरों के बकाया मानदेय का भुगतान और बिजली बिलों में गड़बड़ी सुधार के आवेदन।
- अन्य विवाद: डीहा स्कूल परिसर में चारा रखने और जानवर बांधने को लेकर आपसी विवादों से निजात की गुहार।
‘शिथिलता बर्दाश्त नहीं’:
अपर समाहर्ता ने प्रत्येक परिवादी को व्यक्तिगत रूप से बुलाकर धैर्यपूर्वक समस्याएं सुनीं। उन्होंने संबंधित विभागीय अधिकारियों को यथाशीघ्र जांच और पारदर्शी तरीके से मामलों का निष्पादन करने का निर्देश दिया। स्पष्ट किया कि जन समस्याओं के समाधान में किसी भी प्रकार की शिथिलता बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
ये अधिकारी रहे मौजूद:
जनता दरबार में अपर समाहर्ता के अलावा जिला लोक शिकायत निवारण पदाधिकारी, जिला परिवहन पदाधिकारी सहित विभिन्न विभागों के कर्मी और भारी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे।
जनता दरबार का मुख्य उद्देश्य आम जनता और प्रशासन के बीच की दूरी कम कर जमीनी स्तर की समस्याओं का त्वरित और प्रभावी समाधान करना है।
