पटना, अजित। पटना के शाहपुर गांव में रिसेप्शन पार्टी के दौरान हुई गोलीबारी में दो सगे भाइयों की हत्या के मामले ने तूल पकड़ लिया है. इस कांड में गोपालपुर थाना में कृष्णा राय सहित 20 लोगों को नामजद करते हुए प्राथमिकी दर्ज कराई गई है. हालांकि घटना के 24 घंटे बाद भी किसी अभियुक्त की गिरफ्तारी नहीं हो सकी है. पुलिस की कई टीमें एसआईटी के साथ मिलकर लगातार छापेमारी कर रही हैं। पोस्टमार्टम के बाद जब दोनों मृतकों मनीष और मनजीत का शव परिजनों को सौंपा गया तो गुस्साए ग्रामीणों ने पटना बाईपास के जगनपुरा मोड़ के पास सड़क पर शव रखकर जाम लगा दिया. करीब डेढ़ घंटे तक बाईपास पूरी तरह ठप रहा. दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं और हजारों लोग जाम में फंसे रहे. प्रदर्शनकारियों ने अपराधियों की शीघ्र गिरफ्तारी और कड़ी कार्रवाई की मांग को लेकर जमकर नारेबाजी की। परिजनों का आरोप है कि जमीन विवाद में कोर्ट से डिग्री मिलने के बाद भी कृष्णा राय लगातार जान से मारने की धमकी दे रहा था. इसकी सूचना स्थानीय पुलिस को दी गई थी, लेकिन सुरक्षा नहीं दी गई. उनका कहना है कि अगर समय रहते कार्रवाई होती तो यह वारदात नहीं होती।
घटना के दौरान मृतकों का तीसरा भाई रजनीश भी समारोह में मौजूद था. परिजनों का दावा है कि हमलावर उसे भी निशाना बनाना चाहते थे, लेकिन वह किसी तरह वहां से निकलकर अपनी जान बचाने में सफल रहा। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए पुलिस के वरीय अधिकारी मौके पर पहुंचे और लोगों को शीघ्र गिरफ्तारी का आश्वासन दिया. इसके बाद जाम हटाया गया. जाम खुलने के बाद यातायात सामान्य कराने में पुलिस को काफी मशक्कत करनी पड़ी। इधर गांव में अब भी मातम पसरा है. मृतकों के घर रिश्तेदारों का आना-जाना लगा है और महिलाओं का रो-रोकर बुरा हाल है. दो जवान बेटों की एक साथ मौत से परिवार टूट चुका है और पूरे इलाके में दहशत व शोक का माहौल बना हुआ है. पुलिस ने दावा किया है कि जल्द ही सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
