अररिया, रंजीत ठाकुर : नरपतगंज विधानसभा क्षेत्र में आज शनिवार को जिला पार्षद उपाध्यक्ष चांदनी देवी के पति समाजसेवी श्रवण कुमार दास पिता स्वर्गीय रामानंद दास अपना नामांकन अनुमंडल कार्यालय फारबिसगंज में समय करीब 2:30 बजे दाखिल किया। श्रवण कुमार दास ने अपने सोशल मीडिया फेसबुक पर कहा, “अब समय आ गया है कि इतिहास को लिखा जाए। यह नामांकन गरीबों, असहायों, किसानों, मजदूरों और युवाओं की आवाज का प्रतीक होगा।” उन्होंने जनता से अपील की थी कि शनिवार सुबह नरपतगंज विधानसभा के नवाबगंज पंचायत स्थित फुलकाहा बाजार से बड़ी संख्या में एकत्रित होकर निकलें और इस ऐतिहासिक पल के साक्षी बनें।
निर्दलीय उम्मीदवार के रूप में मैदान में उतरे:
भाजपा से टिकट नहीं मिलने के बाद श्रवण कुमार दास ने मोर्चा खोल दिया है। इस बार निर्दलीय उम्मीदवार के रूप में मैदान में उतर रहे है। उनके समर्थक लगातार यह दावा कर रहे हैं कि “नरपतगंज की जनता ही असली फैसला करेगी।”
श्रवण कुमार दास ने अपने संदेश में कहा कि यह लड़ाई किसी व्यक्ति विशेष की नहीं, विधानसभा क्षेत्र के सभी वर्गों के लोगों सहित गरीब, मजदूर, किसान के लिये हैं। भष्टाचार, बेरोजगारी और दलाली के खिलाफ मेरी लड़ाई है। पार्टी की कार्यशैली और टिकट वितरण से नाराजगी के बाद उन्होंने जनता के आग्रह पर स्वतंत्र रूप से चुनाव लड़ने का फैसला किया। नामांकन के दौरान उनके समर्थकों में जबरदस्त उत्साह देखा गया।
नामांकन में बड़ी संख्या में:
बड़ी संख्या में बुद्धिजीवियों ग्रामीणों, युवाओं, महिलाओं और समर्थकों के साथ नामांकन स्थल तक जुलूस में शामिल हुए। प्रखंड क्षेत्र के विभिन्न पंचायतों से समर्थकों पहुंचे हुए थे। स्थानीय राजनीतिक में श्रवण कुमार दास के इस कदम को लेकर चर्चाओं का दौर तेज है। नामांकन से पहले ही “जय हिंद, जय बिहार, जय नरपतगंज ” के नारे सोशल मीडिया पर ट्रेंड करने लगे ।
श्रवण कुमार दास की जीवनी:
श्रवण कुमार दास पहली बार 2006 में नवाबगंज पंचायत से पंचायत समिति सदस्य के लिए चुनाव जीता था । इसके बाद बर्ष 2016 में क्षेत्र संख्या-दो से पत्नी चांदनी देवी को जिला पार्षद के लिए चुनाव लड़वाया था जो कुछ ही वोट से असफल हो गए थे। दोबारा बर्ष 2021 में पुनः चुनाव लड़े और जीत गए। और आज पार्टी के टिकट नहीं मिलने के बाद श्री दास निर्दलीय से नरपतगंज विधानसभा सभा से पर्चा भरा है।
