अररिया, रंजीत ठाकुर। त्याग, बलिदान और इंसानियत के संदेश का पर्व मुहर्रम शनिवार को नरपतगंज प्रखंड क्षेत्र में पूरी श्रद्धा, उत्साह और आपसी सौहार्द के साथ मनाया गया। प्रशासन की कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच विभिन्न अखाड़ा समितियों द्वारा ताजिया एवं मुहर्रम जुलूस शांतिपूर्ण माहौल में निकाला गया। जुलूस के दौरान पूरे क्षेत्र में “या अली, या हुसैन” के नारों से वातावरण गूंज उठा। नरपतगंज थाना क्षेत्र के साहेबगंज, राजगंज, सिसवा, धुनिया टोला, मधुरा पलार, अस्पताल चौक, पंचगछिया चौक, चंदा, गढ़िया, बढ़ेपारा, बरदाहा, फरही, खैरा कोशकापुर, तोफिर, तामगंज, रेवाही, डुमरिया, बेरिया चकला, फतेहपुर, पिठौरा पथराहा, बेला, बसमतिया समेत फुलकाहा थाना क्षेत्र के फुलकाहा गांधी चौक, नवाबगंज, भंगही, सुरसर एवं कोशिकापुर आदि स्थानों से आकर्षक ताजिया जुलूस निकाले गए। जुलूस में बड़ी संख्या में मुस्लिम समुदाय के लोगों के साथ-साथ अन्य धर्मों के लोगों ने भी भाग लेकर आपसी भाईचारे और सांप्रदायिक सौहार्द की मिसाल पेश की। युवाओं ने तलवार, भाला, गड़ासा एवं लाठी के पारंपरिक करतब प्रस्तुत कर लोगों का ध्यान आकर्षित किया।
इस्लामिक मान्यताओं के अनुसार कर्बला के मैदान में हजरत इमाम हुसैन ने सत्य और न्याय की रक्षा के लिए अपने परिवार सहित शहादत दी थी। मुहर्रम के अवसर पर अखाड़ा समितियों द्वारा कर्बला के मैदान-ए-जंग की झलक प्रस्तुत की गई, जिसे देखने के लिए बड़ी संख्या में लोग जुटे।
शाम होते ही नरपतगंज बाजार के आसपास की विभिन्न अखाड़ा समितियां उच्च विद्यालय मैदान में एकत्रित हुईं, जहां युवाओं ने लाठी, तलवार एवं फरसा का हैरतअंगेज प्रदर्शन किया। आकर्षक ताजियों के साथ पहुंचे जुलूसों ने पूरे माहौल को भक्तिमय और भावुक बना दिया।
फुलकाहा बाजार स्थित गैस एजेंसी नवाबगंज के प्रोपराइटर राजेश कुमार रजक द्वारा जुलूस में शामिल जंगियों एवं श्रद्धालुओं के बीच शरबत का वितरण किया गया, जिसकी लोगों ने सराहना की। मुहर्रम जुलूस को लेकर प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद रहा। नरपतगंज मैदान सहित विभिन्न संवेदनशील स्थलों पर मुख्य पार्षद सन्नू कुमारी, नरपतगंज थानाध्यक्ष संजय कुमार, फुलकाहा थानाध्यक्ष विकास कुमार मौर्य, घूरना थानाध्यक्ष मुकेश कुमार तथा बसमतिया थानाध्यक्ष सुनील कुमार पुलिस बल के साथ तैनात रहे। क्षेत्र के विभिन्न स्थानों पर दंडाधिकारियों एवं महिला पुलिस बल की भी प्रतिनियुक्ति की गई थी। प्रशासन की सतर्कता और लोगों के आपसी सहयोग से पूरे प्रखंड में मुहर्रम का पर्व शांति, सौहार्द और भाईचारे के वातावरण में संपन्न हुआ।
