बिहार

जिलाधिकारी ने कहा कि गंगा नदी के किनारे असर्वेक्षित भूमि पर अतिक्रमण बर्दाश्त नहीं किया जा सकता है

पटना, (न्यूज़ क्राइम 24) शनिवार, दिनांक 23.05.2026ः जिलाधिकारी, पटना के निदेश पर आज जिला प्रशासन, नगर निगम एवं पटना पुलिस की संयुक्त टीम द्वारा गंगा नदी के किनारे कुर्जी इलाके में लगातार दूसरे दिन विशेष अतिक्रमण उन्मूलन अभियान चलाया गया तथा किया एवं निसान के दो अवैध शोरूम तथा सर्विस सेन्टर को जमींदोज किया गया। जिलाधिकारी ने कहा कि गंगा नदी के किनारे असर्वेक्षित भूमि पर अतिक्रमण बर्दाश्त नहीं किया जा सकता है। जनहित के दृष्टिकोण से यह क्षेत्र काफी महत्वपूर्ण है। अतिक्रमण हटाकर प्रशासन द्वारा जन-सुविधाओं को बेहतर-से-बेहतर किया जाएगा जिसके लिए लगातार कार्रवाई चल रही है।

जिलाधिकारी ने कहा कि पटना नगर निगम के पाटलिपुत्र अंचल स्थित इस इलाके में (कुर्जी गेट नं. 62 के अंदर) लगातार दो दिन से जनहित में अतिक्रमण हटाया जा रहा है। कल दिनांक 22.05.2026 को अतिक्रमण उन्मूलन अभियान में किया के सर्विस सेन्टर एवं शोरूम तथा निसान के सर्विस सेन्टर को विधिपूर्वक तोड़ा गया था। आज आगे की कार्रवाई की गई है। उन्होंने कहा कि इस संबंध में पटना नगर निगम द्वारा बिल्डिंग बायलॉज के उल्लंघन से संबंधित आदेश पारित किया गया था। नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल के दिशा-निदेशों का भी उल्लंघन करते हुए उपर्युक्त दोनों संरचनाओं का निर्माण किया गया था। जिलाधिकारी ने कहा कि सार्वजनिक भूमि पर से अतिक्रमण हटाने हेतु जिला प्रशासन द्वारा शहरी प्रबंधन इकाई के माध्यम से सतत कार्रवाई की जा रही है। कुर्जी गेट नं. 62 के अंदर अवैध संरचनाओं को हटाने हेतु विशेष अतिक्रमण उन्मूलन अभियान के लिए दंडाधिकारियों एवं पुलिस पदाधिकारियों को प्रतिनियुक्त किया गया था। 3 वरीय दंडाधिकारियों एवं पुलिस पदाधिकारियों के नेतृत्व में 10 दंडाधिकारियों तथा पुलिस पदाधिकारियों को प्रतिनियुक्त किया गया था। इनके साथ पुलिस बल, महिला बल एवं लाठी बल को भी तैनात किया गया था।

जिलाधिकारी ने कहा कि ’यह क्षेत्र जनहित के दृष्टिकोण से अत्यंत महत्वपूर्ण क्षेत्र’ है। यहाँ अनेक योजनाएँ चल रही हैं। जनहित की इन महत्वपूर्ण योजनाएँ के क्रियान्वयन में कोई बाधा स्वीकार नहीं की जा सकती है। गंगा नदी के किनारे अतिक्रमण बर्दाश्त नहीं किया जा सकता है। अधिकारियों को निदेशित किया गया है कि ’सार्वजनिक भूमि पर से अतिक्रमण को हटाने के साथ-साथ कोई नया अतिक्रमण न हो इसे भी सुनिश्चित’ करें। इसमें जो कोई भी बाधा उत्पन्न करेगा उसके विरूद्ध विधि-सम्मत कार्रवाई की जाएगी। अनुमंडल पदाधिकारी एवं अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी को इसे सुनिश्चित कराने का निदेश दिया गया है।

जिलाधिकारी ने कहा कि गंगा नदी के किनारे असर्वेक्षित भूमि पर लोगों द्वारा अवैध कब्जा कर लिया गया था। गंगा नदी क्षेत्र के असर्वेक्षित भूमि में कई जगहों पर अतिक्रमण किया गया था एवं असामाजिक तत्वों द्वारा निहित स्वार्थों से प्रेरित हो कर अवैध ढंग से संरचनाओं का निर्माण किया गया था। जिलाधिकारी ने कहा कि यह बर्दाश्त नहीं किया जा सकता है। अनुमंडल पदाधिकारी को विभिन्न क्षेत्रों में प्रभावी ढंग से अतिक्रमण-उन्मूलन अभियान चलाने का निदेश दिया गया है ताकि जन-सुविधाओं को और बेहतर बनाया जा सके।

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जिलाधिकारी ने कहा कि नदी क्षेत्र का असर्वेक्षित भूमि सरकारी भूमि माना जाता है। गंगा नदी के किनारे असर्वेक्षित भूमि पर किसी व्यक्ति विशेष का दावा मान्य नहीं है। नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल एवं माननीय उच्चतम न्यायालय के आदेश से इन क्षेत्रों में किसी भी व्यक्ति द्वारा किसी भी संरचना का निर्माण नहीं किया जा सकता है। फ्लड प्लेन एरिया में निजी जमीन पर भी किसी व्यक्ति द्वारा निर्माण नहीं किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि पूर्व में भी इन इलाकों से अतिक्रमण हटाया गया है। अधिकारियों को नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल एवं माननीय न्यायालय के आदेश के अनुरूप गंगा तट के क्षेत्रों को अतिक्रमण-मुक्त रखने का निदेश दिया गया है।

जिलाधिकारी ने कहा कि अतिक्रमण हटाना जनहित के लिए आवश्यक है। कुछ लोगों द्वारा सरकारी भूमि पर अवैध ढंग से संरचनाओं का निर्माण किए जाने से समाज के एक बहुत बड़े वर्ग को दिनानुदिन समस्याओं का सामना करना पड़ता है। यह स्वीकार्य नहीं है। जिलाधिकारी ने कहा कि जेपी गंगा पथ, अशोक राजपथ और पटना साहिब महत्वपूर्ण सार्वजनिक स्थल है। जन-सुविधाओं को बेहतर बनाने हेतु यहाँ लगातार कार्य चल रहा है।

जिलाधिकारी ने कहा कि राज्य सरकार जनता की आवश्यकताओं एवं आकांक्षाओं के प्रति सजग एवं संवेदनशील है। सम्पूर्ण प्रशासनिक तंत्र इसके लिए तत्पर है। जिला प्रशासन, पटना द्वारा सरकार के उद्देश्यों तथा निदेशों के अनुरूप विकासात्मक एवं लोक-कल्याणकारी योजनाओं का सफल क्रियान्वयन किया जा रहा है। पदाधिकारियों को जनहित के दृष्टिकोण से नियमित तौर पर अतिक्रमण-उन्मूलन अभियान संचालित करने, यातायात प्रबंधन एवं शहर के सौन्दर्यीकरण पर विशेष ध्यान देने का निदेश दिया गया है।

ज़िलाधिकारी ने कहा कि राज्य सरकार नागरिकों को सर्वाेत्तम सुविधा प्रदान उपलब्ध कराने की दिशा में तत्पर है। पटना जिला में शहरी व्यवस्था को सुदृढ़ करने के लिए जिला प्रशासन, पुलिस प्रशासन एवं संबंधित नगर निकायों की एकीकृत डेडिकेटेड शहरी प्रबंधन इकाई क्रियाशील है। अपर जिला दंडाधिकारी (नगर व्यवस्था) को निर्देशित किया गया है कि शहरी प्रबंधन को सुदृढ़ करने के लिए नियमित तौर पर अतिक्रमण उन्मूलन अभियान संचालित करें ताकि आम जनता को ट्रैफिक जाम इत्यादि समस्या का सामना न करना पड़े।

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