फुलवारीशरीफ, अजित। भारत सरकार द्वारा सेवा क्षेत्र के उद्यमों के वार्षिक सर्वेक्षण-2026 (एएसआईएसएसई) को लेकर एक दिवसीय क्षेत्रीय प्रशिक्षण शिविर का आयोजन किया गया. यह प्रशिक्षण शिविर कर्पूरी ठाकुर सदन, आशियाना दीघा रोड, पटना में आयोजित हुआ, जहां अधिकारियों को सर्वेक्षण की प्रक्रिया और तकनीकी पहलुओं की जानकारी दी गई। कार्यक्रम का उद्घाटन उप महानिदेशक एवं क्षेत्रीय प्रमुख रोशन लाल साहू ने दीप प्रज्वलित कर किया. इस अवसर पर उन्होंने कहा कि सेवा क्षेत्र रोजगार सृजन का प्रमुख स्रोत बन चुका है. दूरसंचार, स्वास्थ्य सेवा, शिक्षा, पर्यटन और आईटी जैसे क्षेत्रों में तेजी से विकास हो रहा है और देश के कुल जीडीपी में इनका लगभग 50 प्रतिशत योगदान है. उन्होंने बताया कि 1 अप्रैल 2026 से शुरू होने वाले इस सर्वेक्षण में जीएसटीएन नेटवर्क के माध्यम से सेवा क्षेत्र के उद्यमों से संबंधित जीवीए, फिक्स्ड कैपिटल, पूंजी निर्माण और श्रम शक्ति से जुड़े आंकड़े संग्रहित किए जाएंगे।
इस मौके पर ईएनएसडी कोलकाता से आए पर्यवेक्षक एवं निदेशक प्रभात भास्कर ने कहा कि इस सर्वेक्षण का मुख्य उद्देश्य संगठित सेवा क्षेत्र का व्यापक डाटा बेस तैयार करना है. इससे सांख्यिकी प्रणाली को मजबूत करने के साथ-साथ राष्ट्रीय खातों के सटीक संकलन में भी मदद मिलेगी। उप निदेशक परिमल ने प्रशिक्षण के दौरान तकनीकी पहलुओं पर विस्तार से जानकारी दी और सेवा क्षेत्र से जुड़े आंकड़ों के महत्व को समझाया. वहीं वरिष्ठ सांख्यिकी अधिकारी देवेंद्र कुमार, सुशील कुमार सिंह, जीतेंद्र राय और चंदन कुमार ने प्रशिक्षणार्थियों को सर्वेक्षण की प्रक्रिया से अवगत कराया. उद्घाटन सत्र के अंत में वरिष्ठ सांख्यिकी अधिकारी सुधीर कुमार झा ने धन्यवाद ज्ञापन किया। कार्यक्रम में उप क्षेत्रीय कार्यालय गया के प्रभारी गौरव कुमार, सहायक निदेशक टेक नारायण प्रसाद, उप क्षेत्रीय कार्यालय भागलपुर के प्रभारी रश्मि रंजन सहित पटना कार्यालय के वरिष्ठ सांख्यिकी अधिकारी अमिताभ पाठक, दिलीप कुमार, कमलेश कुमार गुप्ता, डी.एन. प्रसाद, इन्द्रजीत, जितेंद्र राय, मंजूषा कुमारी, प्रियंका कुमारी, सुमित कुमार, आलोक कुमार पांडेय समेत कई अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित थे।
