अररिया, रंजीत ठाकुर : मुख्यमंत्री बालिका कैंसर प्रतिरक्षण योजना के तहत जिले में 9 से 14 वर्ष आयु वर्ग की बच्चियों को एचपीवी यानी ह्यूमन पैपिलोमा वायरस का टीका लगाया जा रहा है। यह टीका उन्हें भविष्य में सर्वाइकल कैंसर जैसी गंभीर बीमारी से बचाने में सहायक होगा। स्वास्थ्य विभाग द्वारा चरणबद्ध तरीके से संचालित इस अभियान के क्रम में अब तक जिले में कुल 682 बच्चियों को एचपीवी वैक्सीन का टीका लगाया जा चुका है। बीते फरवरी माह में संचालित अभियान के पहले चरण में 360 बच्चियों को यह टीका लगाया था। वहीं जिले में जारी अभियान के दूसरे चरण में अब तक 322 बच्चियों को टीकाकृत किया जा चुका है।
टीकाकरण विभाग की प्राथमिकताओं में शुमार
जिला प्रतिरक्षण पदाधिकारी डॉ मोईज ने बताया कि एचपीवी वैक्सीनेशन विभाग की प्राथमिकताओं में शामिल है। इसका उद्देश्य है कि हर पात्र बच्ची को यह सुरक्षा कवच प्रदान किया जाये। स्वास्थ्य विभाग टीकाकरण के साथ-साथ स्कूली बच्ची व उनके अभिभावकों टीकाकरण के प्रति जागरूक कर रहा है। इसके लिये स्कूलों में स्वास्थ्य कर्मियों की टीम द्वारा विशेष जागरूकता सत्र आयोजित किया जा रहा है। स्कूली बच्चियों में सर्वाइकल कैंसर के खतरे, इसके कारण व टीका के उपयोगिता की उन्हें जानकारी दी जा रही है।
टीकाकरण से भविष्य में सर्वाइकल कैंसर का खतरा होगा कम
सिविल सर्जन डॉ केके कश्यप ने बताया कि एचपीवी का टीका पूरी तरह सुरक्षित है। इसे स्वास्थ्य विभाग व डब्ल्यूएचओ से अनुमोदन प्राप्त है। उन्होंने बताया कि सर्वाइकल कैंसर महिलाओं में होने वाले कैंसरों में दूसरे नंबर पर है। यह बीमारी मुख्य रूप से एचपीवी संक्रमण के कारण होती है। यदि किशोरावस्था में ही इस संक्रमण से बचाव के लिये टीका लगाया जाय तो, भविष्य में कैंसर की आशंका काफी हद तक कम हो सकती है। उन्होंने सभी अभिभावकों को बढ़ चढ़ कर अभियान में भाग लेकर निर्धारित आयु वर्ग की अपनी बच्चियों का टीकाकरण सुनिश्चित कराने की अपील की।
