शेखपुरा, उमेश कुमार : समाहरणालय स्थित मंथन सभागार में मंगलवार को जिलाधिकारी शेखर आनंद की अध्यक्षता में जल-जीवन-हरियाली अभियान की विभागवार समीक्षा बैठक आयोजित की गई।
बैठक का शुभारंभ दीप प्रज्ज्वलित कर किया गया। इस दौरान जिलाधिकारी ने अधिकारियों को पौधा भेंट कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया।
डीएम ने दिए ये निर्देश:
जिलाधिकारी ने कहा कि सार्वजनिक जल स्रोतों जैसे तालाब, पोखर, कुआं, आहर-पईन को चिन्हित कर प्राथमिकता के आधार पर अतिक्रमण मुक्त कराया जाए। सभी सरकारी भवनों पर रूफ टॉप रेन वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम अनिवार्य रूप से लगाया जाए।
जिले में 2,84,050 पौधे लगाने का लक्ष्य निर्धारित है। शिक्षा, स्वास्थ्य सहित 27 भवनों में जल संचयन संरचना बननी है। चापाकलों के किनारे सोख्ता निर्माण के 93 लक्ष्य में से 18 पूर्ण हो चुके हैं।
जिला कृषि पदाधिकारी को जैविक खेती और सौर ऊर्जा संयंत्र लगाने पर जोर देने को कहा गया।
बैठक में अपर समाहर्ता, उप विकास आयुक्त, सिविल सर्जन, अनुमंडल पदाधिकारी सहित सभी विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।
डीएम ने स्पष्ट कहा कि यह अभियान सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है, लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
