अररिया, रंजीत ठाकुर। मेहनत, लगन और आत्मविश्वास के दम पर हर लक्ष्य हासिल किया जा सकता है। इसका उदाहरण रानीगंज प्रखंड के खरहट पंचायत अंतर्गत नारायणपुर गांव निवासी अजित रंजन ने प्रस्तुत किया है। उन्होंने ऑल इंडिया बार एग्जामिनेशन (AIBE) सफलतापूर्वक उत्तीर्ण कर अधिवक्ता बनने का गौरव हासिल किया है। अजित रंजन, अररिया व्यवहार न्यायालय के वरीय अधिवक्ता एवं अपर लोक अभियोजक छंगुरी मंडल तथा शिक्षिका सत्यभामा कुमारी के सबसे छोटे पुत्र हैं। उन्होंने अपनी विधि की शिक्षा विश्वनाथ सिंह इंस्टीट्यूट ऑफ लीगल स्टडीज, मुंगेर से प्राप्त की। इससे पहले उन्होंने बी.कॉम. की पढ़ाई पूरी की और छात्र जीवन से ही सामाजिक एवं छात्र राजनीति में सक्रिय भूमिका निभाई।
छात्र जीवन के दौरान वे अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) से जुड़े और बिहार छात्रसंघ चुनाव में महासचिव पद पर निर्वाचित हुए। पढ़ाई के साथ-साथ उन्होंने छात्र हितों और सामाजिक कार्यों में भी सक्रिय भागीदारी निभाई तथा युवाओं को शिक्षा और नेतृत्व के प्रति प्रेरित किया।
राष्ट्रीय स्तर की AIBE परीक्षा में सफलता हासिल कर अजित रंजन ने न केवल अपने परिवार, बल्कि पूरे अररिया जिले का नाम भी गौरवान्वित किया है। उनकी उपलब्धि पर क्षेत्र में खुशी का माहौल है। विभिन्न सामाजिक, शैक्षणिक एवं राजनीतिक संगठनों के प्रतिनिधियों ने उन्हें बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की है। इस अवसर पर उनके पिता छंगुरी मंडल ने कहा कि अजित बचपन से ही मेहनती, अनुशासित और ईमानदार रहा है। परिवार के सहयोग, शिक्षकों के मार्गदर्शन और अपनी मेहनत के बल पर उसने यह सफलता प्राप्त की है। उन्होंने विश्वास जताया कि अजित न्याय के क्षेत्र में निष्पक्ष और समर्पित होकर समाज के वंचित एवं जरूरतमंद लोगों को न्याय दिलाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे। वहीं उनकी माता सत्यभामा कुमारी ने इसे परिवार के लिए गर्व का क्षण बताते हुए कहा कि यह सफलता युवाओं के लिए प्रेरणा का स्रोत है। अजित रंजन की इस उपलब्धि पर परिवार, मित्रों, शुभचिंतकों और क्षेत्रवासियों ने उन्हें हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं देते हुए सफल अधिवक्ता जीवन की कामना की है।
