नई दिल्ली, आशीष रंजन : अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के राष्ट्रीय अध्यक्ष प्रो रघुराज किशोर तिवारी और राष्ट्रीय महामंत्री डॉ वीरेन्द्र सिंह सोलंकी के नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल ने बुधवार को उपराष्ट्रपति श्री सी पी राधाकृष्णन से शिष्टाचार भेंट की। उपराष्ट्रपति का दायित्व ग्रहण करने के बाद अभाविप की यह पहली औपचारिक मुलाकात थी।
पंजाब विश्वविद्यालय के मुद्दे प्रमुखता से उठाए
प्रतिनिधिमंडल ने पंजाब विश्वविद्यालय से जुड़े अहम मुद्दे उपराष्ट्रपति के सामने रखे। इनमें सीनेट में निर्वाचित विद्यार्थी प्रतिनिधियों को प्रतिनिधित्व देने, छात्र संख्या के हिसाब से छात्रावास अवसंरचना का विस्तार, शिक्षकों के रिक्त पदों पर नियमित नियुक्ति, AI और नई तकनीकों के लिए अत्याधुनिक केंद्र की स्थापना की मांग शामिल है। साथ ही योग एवं माइंडफुलनेस सेंटर और स्थायी परामर्शदाताओं से युक्त मानसिक स्वास्थ्य सहायता केंद्र बनाने पर भी जोर दिया गया।
SEIL के 60 साल, स्क्रीन टाइम घटाने का अभियान
अभाविप ने बताया कि पूर्वोत्तर और शेष भारत के छात्रों के बीच एकात्मता बढ़ाने वाला SEIL कार्यक्रम 60 साल पूरे कर रहा है। युवाओं में बढ़ती डिजिटल निर्भरता को देखते हुए ‘स्क्रीन टाइम टू एक्टिविटी टाइम’ अभियान चलाया जा रहा है, ताकि छात्र खेल और रचनात्मक गतिविधियों से जुड़ें।
10 लाख छात्राओं को आत्मरक्षा प्रशिक्षण
प्रतिनिधिमंडल ने बताया कि ‘मिशन साहसी’ के तहत अब तक 10 लाख से ज्यादा छात्राओं को आत्मरक्षा प्रशिक्षण दिया गया है। इसका अगला चरण जल्द देशभर में शुरू होगा। इसके अलावा गुरु तेग बहादुर जी के 350वें शहीदी वर्ष, संत रविदास के 650वें प्राकट्योत्सव और वीरांगना रानी अबक्का पर देशव्यापी कार्यक्रमों की जानकारी भी दी गई।
राष्ट्रीय महामंत्री बोले: भेंट प्रेरणादायी रही
राष्ट्रीय महामंत्री डॉ वीरेन्द्र सिंह सोलंकी ने कहा कि उपराष्ट्रपति के साथ भेंट सार्थक और प्रेरणादायी रही। अभाविप का मानना है कि उच्च शिक्षण संस्थानों में गुणवत्तापूर्ण शैक्षणिक वातावरण, मूलभूत सुविधाएं और पारदर्शी प्रशासनिक व्यवस्था होनी चाहिए। यह संवाद छात्र हितों और पंजाब विश्वविद्यालय के मुद्दों को नई गति देगा।
