पटना, (न्यूज़ क्राइम 24) पथ निर्माण मंत्री इं॰ कुमार शैलेंद्र ने आज बिहार स्टेट रोड डेवलपमेंट कॉरपोरेशन लिमिटेड (BSRDCL) के अधिकारियों एवं संबंधित संवेदकों के साथ समीक्षा बैठक कर निगम के अंतर्गत संचालित, निर्माणाधीन एवं आगामी महत्वपूर्ण परियोजनाओं की विस्तृत समीक्षा की। बैठक में परियोजनाओं की भौतिक एवं वित्तीय प्रगति, निर्माण की गुणवत्ता, कार्य की गति, संवेदकों की कार्यप्रगति तथा भूमि अधिग्रहण एवं विभिन्न विभागों से संबंधित स्वीकृतियों की स्थिति पर विस्तार से चर्चा की गई। BSRDCL के अंतर्गत वर्तमान में HAM, ADB, Pragati Yatra, ROB, CRIF एवं MoRT&H सहित विभिन्न मदों में कुल 36 परियोजनाएं संचालित हैं।
बैठक में BSHP-III (Phase-2) के अंतर्गत SH-101 अम्बा–देव–मदनपुर, SH-103 मांझवे–फतेहपुर एवं फतेहपुर–गोविंदपुर, SH-95 मानसी–फनगो हॉल्ट–सिमरी बख्तियारपुर, SH-99 बायसी–बहादुरगंज–दिघलबैंक, SH-105 बेतिया–नरकटियागंज तथा SH-98 कटिहार–बलरामपुर परियोजनाओं की प्रगति की समीक्षा की गई। इन परियोजनाओं की कुल लंबाई 266.55 किमी है और विभिन्न परियोजनाएं निर्माण के अलग-अलग चरणों में हैं।
BSHP-IV (Phase-1) के अंतर्गत बांगंगा (NH-82)–जेठियन–गेहलौर–बिंदुस, धौरिया–इंग्लिश मोड़–असरगंज, छपरा–मांझी–दरौली–गुठनी, आरा–एकौना–खैरा–सहार तथा हथौरी–अतरार–बावनगामा–औराई जैसी महत्वपूर्ण परियोजनाओं की स्थिति पर भी चर्चा हुई। वहीं BSHP-IV (Phase-2) के प्रस्तावित प्रोजेक्ट्स में SH-92 गणपतगंज–प्रतापगंज–छातापुर–परवाहा, मधुबनी–राजनगर–बाबूबरही–खुटौना, SH-52 सीतामढ़ी–पुपरी–घोघराहा–बसैठा–बेनीपट्टी, ब्रह्मपुर–इटाढ़ी–सरेंजा–जलीलपुर तथा SH-97 बिसनपुर–अतरबेल–जाले–घोघराचट्टी को लेकर भी विस्तार से चर्चा हुई।
बैठक में राज्य की प्रमुख कनेक्टिविटी परियोजनाओं पर भी विशेष ध्यान दिया गया। 6-लेन बिहार न्यू गंगा ब्रिज, मिथापुर–सिपारा एवं महुली–पुनपुन एलिवेटेड/एट-ग्रेड रोड, पटना साहिब रेलवे स्टेशन–पटना घाट 4-लेन सड़क, जेपी गंगा पथ, मुफस्सिल मोड़ एलिवेटेड फ्लाईओवर, सिसवन ढाला ROB, घुघरीटांड़ NH-82 फ्लाईओवर, गायघाट डाउन-रैम्प, मंडीरी नाला–जेपी गंगा पथ कनेक्टिविटी तथा नेहरू पथ कनेक्टिविटी जैसी परियोजनाओं की कार्यप्रगति की भी समीक्षा की गई।
HAM के अंतर्गत दीघा–शेरपुर–बिहटा से कोइलवर ब्रिज के एप्रोच तक जेपी गंगा पथ विस्तार, मुंगेर (सफियाबाद)–बरियारपुर–घोरघट–सुल्तानगंज गंगा पथ तथा सुल्तानगंज–भागलपुर–सबौर गंगा पथ की प्रगति पर भी चर्चा हुई। इन तीनों परियोजनाओं की कुल लंबाई 118.45 किमी है।
आगामी परियोजनाओं में PPP (DBFOT-Toll) आधार पर गंगा-अंबिका पथ (बिदुपुर–दीघवारा), नारायणी पथ (दरियारा/कोनहुआ–दुमरिया घाट) एवं विश्वामित्र पथ (बक्सर–आरा–मनेर गंगा पथ) को लेकर भी समीक्षा हुई। इन तीनों प्रस्तावित परियोजनाओं की कुल लंबाई 219.51 किमी है। साथ ही बक्सर–भागलपुर 6-लेन ग्रीनफील्ड एक्सेस-कंट्रोल्ड एक्सप्रेसवे के लिए Transaction Advisor एवं DPR Consultant की नियुक्ति से संबंधित प्रक्रिया की भी समीक्षा की गई।
मंत्री इं॰ कुमार शैलेंद्र ने कहा कि बिहार में सड़क एवं पुलों का मजबूत नेटवर्क राज्य की आर्थिक और सामाजिक प्रगति की आधारशिला है। इसलिए प्रत्येक परियोजना में निर्माण की गुणवत्ता के साथ कार्य की गति और निर्धारित समय-सीमा का विशेष ध्यान रखा जाना आवश्यक है। अधिकारियों एवं संवेदकों के साथ परियोजनावार प्रगति की समीक्षा करते हुए उन्होंने कहा कि काम जमीन पर दिखाई देना चाहिए और विकास की रफ्तार हर परियोजना में स्पष्ट नजर आनी चाहिए। उन्होंने कहा कि “सड़क निर्माण केवल सड़क बनाने का काम नहीं, बल्कि बिहार की कनेक्टिविटी, अर्थव्यवस्था और भविष्य को मजबूत करने का काम है। हर परियोजना को गति, गुणवत्ता और जिम्मेदारी के साथ आगे बढ़ाना हमारी प्राथमिकता है।
