बिहार

सुधा डेयरी मजदूरों ने 9 सूत्री मांगों के समर्थन में मनाया मई दिवस

फुलवारीशरीफ, अजित। मई दिवस के अवसर पर ऐक्टू से जुड़े सुधा डेयरी में दूध सप्लाई कार्य में लगे ड्राइवर और उपचालक (खलासी) ठेका मजदूरों ने 1886 के शिकागो के शहीदों को नमन करते हुए अपनी विभिन्न मांगों के समर्थन में प्रदर्शन किया. इस दौरान सुधा डेयरी मुख्य गेट पर मजदूरों ने जमकर नारेबाजी की।

मजदूरों ने नोएडा में गिरफ्तार 500 मजदूरों की बिना शर्त रिहाई, 4 लेबर कोड को रद्द करने, ठीका प्रथा समाप्त करने तथा सुधा डेयरी प्रबंधन के पास 10 माह से लंबित 9 सूत्री मांगों को लागू करने की मांग उठाई. प्रमुख मांगों में खलासी को अर्धकुशल मजदूरी, साप्ताहिक एवं राष्ट्रीय अवकाश, छुट्टी के दिन काम पर ओवरटाइम, पहचान पत्र, ईएसआई-ईपीएफ लाभ, दूध ओवरलोड पर रोक, एक रूट-एक वितरक व्यवस्था और दुर्घटना मुआवजा शामिल हैं। सभा को संबोधित करते हुए एमएलसी शशि यादव ने कहा कि ठीका प्रथा आधुनिक गुलामी का रूप ले चुकी है

Advertisements
Ad 1

इसे समाप्त कर सभी कर्मियों को स्थायी किया जाना चाहिए. उन्होंने मजदूरों की मांगों को सड़क से सदन तक उठाने का आश्वासन दिया। ऐक्टू नेता सह यूनियन अध्यक्ष रणविजय कुमार ने 4 लेबर कोड को मजदूर विरोधी बताते हुए कहा कि इससे श्रम अधिकार कमजोर होंगे और मजदूरी पर प्रतिकूल असर पड़ेगा। उन्होंने 1500 रुपये दैनिक मजदूरी तय करने, 8 घंटे कार्य दिवस लागू करने और उसके बाद काम पर दोगुना ओवरटाइम देने की मांग उठाई। रणविजय कुमार ने चेतावनी दी कि यदि 10 दिनों के भीतर 9 सूत्री मांगों पर ठोस पहल नहीं हुई तो मजदूर तीव्र आंदोलन और हड़ताल के लिए बाध्य होंगे। कार्यक्रम में सैकड़ों मजदूरों ने भाग लिया और शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित की।

Related posts

श्री गुरु तेग बहादुर जी के 350वें शहीदी पर्व को समर्पित होकर राष्ट्रीय संगोष्ठी का आयोजन

अखिल भारतीय नौजवान संघ (AIYF) का 67वाँ स्थापना दिवस धूमधाम से मनाया गया

स्व. विश्वनाथ भगत की 5 वीं पुण्यतिथि मनी

error: