अररिया, रंजीत ठाकुर। देश में विकराल रूप से हो रहे जनसंख्या वृद्वि के कारण उत्पन्न हो रहे सामाजिक आर्थिक और पर्यावरणीय संकट को रोकने हेतु एक कठोर और प्रभावी जनसंख्या नियंत्रण कानून लागू करने की मांग को लेकर राष्ट्रीय हिन्दू फ्रंट अररिया द्वारा प्रदेश अध्यक्ष प्रवीण कुमार की उपस्तिथि में प्रधानमंत्री के नाम जिला पदधिकारी को एक ज्ञापन सौंपा।
उक्त जानकारी फ्रंट के प्रदेश महामंत्री सुबोध मोहन ठाकुर,प्रदेश सह संयोजक विभाष झा, प्रदेश सचिव सत्यवान मालाकार, जिला उपाध्यक्ष अर्णव सिंह गोलु, अंकित मेहता, फ्रंट के वरिष्ठ सदस्य नवीन यादव, नागेश्वर यादव आदि ने सयुंक्त रूप से देते हुए कहा है कि सौपें गए 11सूत्रीय मांग पत्र में शीघ्र जनसँख्या नियंत्रण कानून बनाकर जाती धर्म से उपर उठकर देश के हित में कानून समान रूप से सभी नागरिकों पर लागू करने, सभी दंडात्मक प्रावधान के साथ कानून के अधिसूचित तिथि के एक बर्ष के भीतर तीसरे बच्चे उतपन्न करने वाले को सभी सरकारी अनुदान, सब्सिडी आदि से तत्प्रभाव से समाप्त कर राजकीय सेवा सहित मताधिकार से भी वंचित करने तथा कानून के एक बार उल्लंघन के बाद दूसरी बार उल्लंघन के स्तिथि में 10 वर्ष कारावास की सजा देने के साथ दो जीवित संतान होने की स्तिथि में तलाक होने पर स्त्री या पुरुष कोई भी दूसरी शादी के बाद सन्तानोत्पती के अधिकार से वंचित किये जायें,अवैध घुसपैठ प्रभावित पूर्वोत्तर राज्यों में मूल निवासियों विशेषकर जनजातीय समाज के अनुपातिक रूप से घटती आबादी के मद्देनजर कुछ समय के लिए उन राज्यों के नागरिकों को कानून के परिधि से बाहर रखने, कानून को लागू करने में अगर आवश्यक हो तो संविधान में उपयुक्त संशोधन करने की बात कही गयी है।वही फ्रंट के प्रदेश अध्यक्ष प्रवीण कुमार ने विश्व के मात्र 2.4% भूभाग पर 17.8% अर्थात 142 करोड़ से अधिक का भार वहन कर रहे देश में एक समग्र और सख्त जनसंख्या नियंत्रण कानून लागू करना ना सिर्फ नये भारत की मांग है बल्कि विकसित भारत अर्थातः विश्व गुरु भारत के निर्माण हेतु जहाँअति आवश्यक है। वहीं उन्होंने जनसँख्या के विस्फोटक स्वरूप से उत्पन्न जनसँख्यायक़ी असंतुलन की समस्या के समाधान हेतु यथा शीघ्रकदम उठाने की मांग प्रधानमंत्री से किया है। इस मौके पर फ्रंट के अनेकों सदस्य मौजूद थे।
