पटना, (न्यूज़ क्राइम 24) सावन की पहली सोमवारी पर पटना जंक्शन स्थित महावीर मंदिर और पूर्वी चंपारण के रामजानकी नगर स्थित विराट रामायण मंदिर में भगवान शिव के जलाभिषेक और रुद्राभिषेक के लिए श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। सुबह से लेकर देर शाम तक दोनों मंदिरों में “हर-हर महादेव” के जयघोष से वातावरण भक्तिमय बना रहा। महावीर मंदिर के शिव मंडप में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने जलाभिषेक किया, जबकि 61 श्रद्धालुओं ने रुद्राभिषेक कराया।
श्री महावीर स्थान न्यास समिति के सचिव सायण कुणाल ने भी अपने परिवार के साथ शिव मंडप में विधिवत रुद्राभिषेक किया। वहीं, विराट रामायण मंदिर में सावन की पहली सोमवारी पर करीब 50 हजार श्रद्धालु पहुंचे। इनमें से लगभग 25 हजार श्रद्धालुओं ने भगवान शिव का जलाभिषेक किया। जलाभिषेक के लिए शिव मंडप के बाहर श्रद्धालुओं की करीब दो किलोमीटर लंबी कतार लगी रही। श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए मंदिर प्रशासन ने व्यापक व्यवस्थाएं की थीं। मंदिर प्रशासन ने रुद्राभिषेक के लिए अयोध्या से दो पुजारियों को विशेष रूप से बुलाया है, जबकि अन्य पुजारी स्थानीय हैं। श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए परिसर में तिरुपति शैली के नैवेद्यम लड्डू और फूल-माला काउंटर भी शुरू किए गए हैं, जिससे भक्तों को पूजा सामग्री आसानी से उपलब्ध हो रही है।
विराट रामायण मंदिर के शिव मंडप में 33 इंच के लघु सहस्त्रलिंगम (1008 शिवलिंग) पर रुद्राभिषेक कराया जा रहा है। इसके लिए 1,100 रुपये शुल्क निर्धारित किया गया है तथा श्रद्धालुओं को पूजा सामग्री स्वयं लानी होगी। रुद्राभिषेक की अग्रिम बुकिंग 9717974588 पर कराई जा सकती है। श्री महावीर स्थान न्यास समिति के सचिव सायण कुणाल ने बताया कि निर्माणाधीन विराट रामायण मंदिर में श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो, इसलिए अलग शिव मंडप में लघु सहस्त्रलिंगम स्थापित किया गया है। उन्होंने कहा कि श्रद्धालुओं की बढ़ती संख्या को देखते हुए सभी आवश्यक व्यवस्थाएं की गई हैं। गौरतलब है कि 120 एकड़ में निर्माणाधीन विराट रामायण मंदिर पद्मश्री आचार्य किशोर कुणाल का ड्रीम प्रोजेक्ट है। यहां 33 फीट ऊंचा विश्व का सबसे बड़ा सहस्त्रलिंगम स्थापित किया जा चुका है और सावन के दौरान श्रद्धालुओं की संख्या में लगातार वृद्धि देखी जा रही है।
