बिहार

स्वास्थ्य मंत्री ने 5 आरटीपीसीआर जांच वैन को झंडी दिखाकर किया रवाना

• 10 आरटीपीसीआर जांच वैन से सुदूरवर्ती क्षेत्रों में कोरोना जांच की सुविधा होगी उपलब्ध
• चलंत वाहनों की एक दिन में 1000 सैंपल जांच करने की है क्षमता
• बिल एंड मेलिंडा गेट्स फाउंडेशन द्वारा उपलब्ध कराए गए हैं 5 आरटीपीसीआर जांच वैन

पटना(रंजीत ठाकुर): गुरुवार को राज्य स्वास्थ्य समिति, बिहार के प्रांगण से 5 मोबाईल आरटीपीसीआर वैन को स्वास्थ्य मंत्री मंगल पाण्डेय जी ने हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इस अवसर पर अपर मुख्य सचिव, स्वास्थ्य प्रत्यय अमृत, मनोज कुमार, कार्यपालक निदेशक, राज्य स्वास्थ्य समिति समेत अन्य पदाधिकारीगण के साथ सहयोगी संस्थानों के प्रतिनिधि भी मौजूद थे.

स्वास्थ्य मंत्री मंगल पाण्डेय जी ने बताया कि पूर्व में मुख्यमंत्री नितीश कुमार द्वारा 5 वैन को रवाना किया जा चुका है और अब कुल 10 आरटीपीसीआर जांच वैन द्वारा सुदूरवर्ती क्षेत्रों में कोरोना जांच की सुविधा उपलब्ध होगी. ये 10 वैन जब राज्य के सुदूरवर्ती इलाकों में जायेंगे तो ग्रामीण क्षेत्रों में कोरोना जांच की सुविधा का विस्तार होगा और दूर-दराज क्षेत्रों में रहने वाले लोग आसानी से अपनी कोरोना जांच करवा सकेंगे.

प्रतिदिन 1000 लोगों की जांच की है क्षमता:

Advertisements
Ad 1

स्वास्थ्य मंत्री ने बताया कि सभी चलंत वैनों की प्रतिदिन की जांच करने की क्षमता 1000 सैंपल की है, जिससे ज्यादा से ज्यादा लोगों की जांच की जा सकेगी. कुल 10 आरटीपीसीआर जांच वैन द्वारा सरकार के टेस्टिंग, ट्रीटमेंट और ट्रैकिंग के लक्ष्य को प्राप्त करने में आसानी होगी. चलंत वैन द्वारा जांच रिपोर्ट 24 घंटे में लाभार्थी के मोबाइल पर उपलब्ध होगी.

बिल एंड मेलिंडा गेट्स फाउंडेशन ने उपलब्ध कराये वैन:

स्वास्थ्य मंत्री ने बताया ये 5 आरटीपीसीआर जांच वैन बिल एंड मेलिंडा गेट्स फाउंडेशन द्वारा बिहार सरकार को उपलब्ध कराये गए हैं. फाउंडेशन कोरोना संक्रमण काल के शुरुआत से ही स्वास्थ्य विभाग को अपना तकनीकी सहयोग प्रदान कर रहा है और स्वास्थ्य विभाग इसके लिए फाउंडेशन का आभार मानती है.

Related posts

जमीन विवाद में व्यवसायी पर ताबड़तोड़ फायरिंग, दो गुटों की हिंसक झड़प में होटल संचालक समेत दो घायल!

नालंदा में एक साथ 6 ठिकानों पर नेशनल जांच एजेंसी की चल रही छापेमारी

भाजपा पटना महानगर के चारों विधानसभा में दो दिवसीय पंडित दीनदयाल उपाध्याय प्रशिक्षण अभियान का सफल समापन

error: