पटना, (न्यूज़ क्राइम 24) बिहार सरकार के पथ निर्माण विभाग ने राज्य में सड़क अवसंरचना को मजबूत करने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है। पथ निर्माण मंत्री Shailendra Kumar ने बताया कि राज्य मंत्रिपरिषद् ने बिहार स्टेट हाईवे प्रोजेक्ट-IV (BSHP-IV) के अंतर्गत एशियन डेवलपमेंट बैंक द्वारा वित्त पोषित पांच महत्वपूर्ण सड़क परियोजनाओं को स्वीकृति दे दी है। इन परियोजनाओं पर कुल 3743 करोड़ रुपये से अधिक की राशि खर्च की जाएगी। मंत्री ने बताया कि मधुबनी जिले में मधुबनी-राजनगर-खुटौना पथ के 38.875 किलोमीटर लंबाई के चौड़ीकरण एवं सुदृढ़ीकरण कार्य के लिए 632.72 करोड़ रुपये की प्रशासनिक स्वीकृति दी गई है। यह सड़क मधुबनी बाईपास से शुरू होकर बरैल चौक तक जाएगी। परियोजना से राजनगर नौलखा पैलेस, जितवारपुर गांव की मधुबनी पेंटिंग और कपिलेश्वर स्थान जैसे धार्मिक एवं पर्यटन स्थलों तक बेहतर संपर्क मिलेगा। साथ ही राजनगर और बाबूबरही में बाईपास तथा आरओबी निर्माण से जाम की समस्या कम होगी।
सीतामढ़ी जिले में राज्य उच्च पथ संख्या-52 के अंतर्गत सीतामढ़ी-पुपरी-बेनीपट्टी मार्ग के 51.261 किलोमीटर लंबे हिस्से के चौड़ीकरण के लिए 434.37 करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए हैं। यह सड़क पुनौराधाम, उच्चैठ भगवती स्थान और नेपाल के जनकपुर धाम तक श्रद्धालुओं की आवाजाही को आसान बनाएगी। पुपरी में करीब 4.5 किलोमीटर लंबे बाईपास का भी निर्माण प्रस्तावित है। दरभंगा जिले में विशनपुर-अतरबेल-जाले-घोघरचट्टी पथ के 47.875 किलोमीटर हिस्से के उन्नयन और सुदृढ़ीकरण के लिए 990.03 करोड़ रुपये की स्वीकृति दी गई है। यह सड़क कई राज्य एवं राष्ट्रीय राजमार्गों को जोड़ेगी और नेपाल के जनकपुर धाम तक संपर्क को बेहतर बनाएगी।
परियोजना में चार बाईपास का निर्माण प्रस्तावित है। इसके अलावा जाले के पास बन रहे लॉजिस्टिक पार्क को भी इस सड़क से कनेक्टिविटी मिलेगी। सुपौल जिले में गणपतगंज-परवाहा पथ के 47.432 किलोमीटर लंबे हिस्से के चौड़ीकरण के लिए 703.95 करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए हैं। यह सड़क एनएच-27 का वैकल्पिक मार्ग बनेगी और किसानों को कृषि उत्पाद बाजार तक तेजी से पहुंचाने में मदद करेगी। परियोजना में गणपतगंज, प्रतापगंज-परसा बीरबल, नरहिया और परवाहा में चार बाईपास बनाए जाएंगे। वहीं बक्सर जिले में ब्रह्मपुर-कोरनसराय-इटाढ़ी-बक्सर एवं उजियारपुर-कुकराहा-जमुआंव-समदा पथ के 80.728 किलोमीटर लंबे हिस्से के लिए 982.58 करोड़ रुपये की प्रशासनिक स्वीकृति प्रदान की गई है। यह सड़क ब्रह्मेश्वर स्थान, चौसा थर्मल पावर प्लांट और नवानगर इंडस्ट्रियल एरिया को बेहतर संपर्क प्रदान करेगी तथा एनएच-922 का वैकल्पिक मार्ग बनेगी। पथ निर्माण मंत्री ने कहा कि इन सभी परियोजनाओं के कार्यान्वयन के लिए जल्द ही निविदा जारी की जाएगी।
