बिहार

वर्षों पूर्व लाखों की लागत से बने मछली शेड, उद्घाटन से पूर्व ही जर्जर

अररिया(रंजीत ठाकुर): जिले के नरपतगंज प्रखंड क्षेत्र अंतर्गत फुलकाहा थाना स्थित सैरात महाल की भूमि पर 15 वर्ष पूर्व लाखों की लागत से मछली व्यापारियों के लिए सरकारी शेड का निर्माण किया गया था। परंतु शेड निर्माण के बाद व्यापारियों के लिए उद्घाटन तो नहीं किया,लेकिन आज शेड की स्थिति जर्जर अवस्था में पहुंच गया है। जहां सरकार के द्वारा मत्स्य पालन से लेकर व्यापारियों तक के सुविधाओं के लिए तरह-तरह के नए-नए योजनाएं अपनाए जाते हैं वहीं क्षेत्रीय पदाधिकारी के उदासीनता के कारण सरकारी राशि का दुरुपयोग किया जाता है। संबंधित पदाधिकारी के द्वारा योजना से लेकर निर्माण कार्य प्रारंभ कर देने के बाद ही जिम्मेदारी समाप्त हो जाती है। पदाधिकारी के द्वारा गुणवत्ता के ऊपर जरा भी ध्यान नहीं दिया जाता है। जिसका जीता जागता उदाहरण नवाबगंज पंचायत में अनेकों बनाए गए सरकारी भवन का है, अगर इन भवनों का उच्च स्तरीय जांच हो तो सारे मामले सामने आ जाएगा। लोगों के टैक्स से बने सरकारी भवनों से स्थानीय स्तर पर लोगों को लाभ नहीं मिलता दिख रहा है। विकास के नाम पर सिर्फ दिखावा किया जा रहा है इसका जिम्मेदार कौन? जनप्रतिनिधि या फिर पदाधिकारी।

क्या कहते हैं स्थानीय लोग :

इस बाबत युवा समाजसेवी संतोष साह बताते हैं कि लगभग 15 वर्ष पूर्व मछली व्यापारियों के लिए शेड का निर्माण सरकारी स्तर पर किया गया था, परंतु विभागीय लापरवाही के कारण आज तक व्यापारियों के लिए शेड का उद्घाटन तक नहीं किया गया। मछली शेड होने के बावजूद व्यापारी सार्वजनिक स्थल पर सड़क किनारे मछली बेचने को मजबूर हैं।

Advertisements
Ad 1

इस बाबत स्थानीय पूर्व पंचायत समिति सदस्य नवाबगंज द्वारिका नाथ साह बताते हैं कि इस पंचायत का विकास सिर्फ कागजों पर सिमट कर रह जाता है इस क्षेत्र में जमीनी स्तर पर उच्च स्तरीय जांच हो तो सारे मामले सामने आ जाएंगा।

समाजसेवी अरुण कुमार सिंह बताते हैं कि सीमावर्ती क्षेत्र में पदाधिकारियों के मिलीभगत से भ्रष्टाचार चरम पर है। कोई योजना गुणवत्तापूर्ण, पूर्ण नहीं होता है। क्षेत्र में उच्च स्तरीय जांच की जरूरत है, सारा मामला सामने आ जाएगा।

Related posts

महा शिवरात्रि महोत्सव शोभा यात्रा निकाला गया

हांडी साहिब गुरुद्वारामें बनेगी रिहाईश, कार सेवा दिल्ली को मिली अहम जिम्मेवारी

रेल समस्याओं को लेकर रेल मंत्री से मिले सांसद कौशलेंद्र कुमार

error: