आरा, (न्यूज़ क्राइम 24) राज्य स्वास्थ्य समिति, बिहार ने विश्व जनसंख्या दिवस के अवसर पर राज्यभर में “जनसंख्या स्थिरता पखवाड़ा” आयोजित करने का निर्णय लिया है। इस संबंध में कार्यपालक निदेशक, अमित कुमार पाण्डेय द्वारा सभी जिलों के सिविल सर्जनों को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं। अभियान का मुख्य उद्देश्य परिवार नियोजन के प्रति जागरूकता बढ़ाना तथा योग्य दम्पतियों को गुणवत्तापूर्ण परिवार नियोजन सेवाएं उपलब्ध कराना है।
तीन चरणों में चलेगा अभियान :
स्वास्थ्य विभाग द्वारा जारी कार्यक्रम के अनुसार अभियान को तीन चरणों में संचालित किया जाएगा। प्रथम चरण में 18 जून से 25 जून 2026 तक “कार्ययोजना सप्ताह” आयोजित किया गया है, जिसमें जिला एवं प्रखंड स्तर पर रणनीति तैयार की गयी है| इसके बाद 27 जून से 10 जुलाई तक “सामुदायिक उत्प्रेरण पखवाड़ा” चलाया जा रहा है, जिसके तहत लोगों को परिवार नियोजन के लाभों के बारे में जागरूक किया जा रहा है। अंतिम चरण में 11 जुलाई से 31 जुलाई तक “जनसंख्या स्थिरता पखवाड़ा” आयोजित कर परिवार नियोजन सेवाएं प्रदान की जाएंगी।
जिला एवं प्रखंड स्तर पर होगा समन्वय :
अभियान के सफल संचालन के लिए जिला स्तर पर जिलाधिकारी की अध्यक्षता में ऑनलाइन बैठक आयोजित की जाएगी। इसमें स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों के साथ आशा कार्यकर्ता, आंगनवाड़ी सेविका, जीविका दीदी एवं विकास मित्रों की भागीदारी सुनिश्चित की जाएगी। वहीं प्रखंड स्तर पर प्रखंड विकास पदाधिकारी (बीडीओ) की अध्यक्षता में बैठक कर स्थानीय स्तर पर कार्ययोजना को अंतिम रूप दिया जाएगा।
जनप्रतिनिधियों और सामाजिक संगठनों की होगी भागीदारी :
स्वास्थ्य विभाग ने निर्देश दिया है कि अभियान में सांसद, विधायक, मुखिया, वार्ड सदस्य, स्वास्थ्यकर्मी तथा गैर-सरकारी संगठनों (एनजीओ) की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित की जाए। इससे परिवार नियोजन संबंधी संदेश अधिक प्रभावी ढंग से समुदाय तक पहुंच सकेगा।
प्रचार-प्रसार के लिए विशेष व्यवस्था :
अभियान के प्रचार-प्रसार हेतु फ्लेक्स, बैनर एवं अन्य सूचना सामग्री का उपयोग किया जाएगा। परिवार नियोजन दिवस से एक दिन पूर्व ई-रिक्शा के माध्यम से प्रचार अभियान चलाया जाएगा। साथ ही डिजिटल प्लेटफॉर्म, सोशल मीडिया, प्रिंट एवं इलेक्ट्रॉनिक मीडिया का भी व्यापक उपयोग किया जाएगा।
जनसंख्या स्थिरता और स्वस्थ परिवार का संदेश :
स्वास्थ्य विभाग का मानना है कि जनसंख्या स्थिरता पखवाड़ा परिवार नियोजन सेवाओं की पहुंच बढ़ाने, मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य को बेहतर बनाने तथा छोटे और स्वस्थ परिवार की अवधारणा को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। अभियान के माध्यम से अधिक से अधिक योग्य दम्पतियों तक परिवार नियोजन सेवाएं पहुंचाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।
