पटना सिटी, न्यूज क्राइम 24। स्काई स्पोर्ट्स के तत्वावधान में क्रिकेट के नन्हे खिलाड़ियों का बुजुर्ग खिलाड़ियों से मिलन एवं संवाद का कार्यक्रम ‘मिलिए अपने वरीयों’ का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का आयोजन स्थानीय मनोज कुमोलिया स्टेडियम में संपन्न हुआ।
कार्यक्रम का शुभारंभ वरीय खिलाड़ी प्रो० विनय कृष्णा प्रसाद, श्रवण गोप, विजय कुमार सिन्हा, कृष्ण गोपाल घसीटा, उमेश शर्मा, लालदेव प्रसाद, संजीव कुमार यादव, राकेश यादव बिट्टू आदि के द्वारा दीप प्रज्वलन कर हुआ। कार्यक्रम के पूर्वार्द्ध में अकादमी से जुड़े लगभग तीन दर्जन नन्हे खिलाड़ियों को वरीय खिलाड़ी के द्वारा जर्सी प्रदान किया गया।
इस अवसर पर बिहार क्रिकेट एसोसिएशन(BCA) में वित्त सचिव के पद पर मनोनीत वरीय क्रिकेट खिलाड़ी राकेश यादव गिट्टू का सम्मान किया गया। इसके साथ ही, स्कूल गेम्स फेडरेशन ऑफ इंडिया(SGFI) के प्रशिक्षण के लिए चुने गए अकादमी के तीन नन्हे oil njii खिलाड़ियों- श्लोक हंसराज,अमय सहाय एवं रेहान रफी को गुलदस्ता एवं उपहार प्रदान कर अभिनंदन किया गया।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए वरीय खिलाड़ी विजय कुमार सिन्हा, प्रो० विनय कृष्णा प्रसाद एवं श्रवण गोप आदि ने कहा कि खेल में न केवल पराक्रम एवं कौशल बल्कि अनुशासन एवं विनम्रता की भी उतनी ही आवश्यकता है।लिहाजा हर खिलाड़ी को यह कोशिश करनी चाहिए अपना ध्यान जितना खेल की श्रेष्ठता पर रखें उतना ही खेल की मर्यादा एवं अनुशासन का भी निर्वाह करें। अपने संबोधन में संस्था पाटलिपुत्र परिषद् के सचिव संजीव कुमार यादव ने कहा कि खिलाड़ियों की बहुप्रतीक्षित बॉलिंग मशीन की मांग शीघ्र ही पूरा किया जाएगा जिससे कि उनमें खेल कौशल का गुणोत्तर विकास हो सके।
आयोजन में अन्य लोगों में पूर्व खिलाड़ी अभय कृष्ण प्रसाद, आबिद अली, दिलीप कुमार, सुरेंद्र गोप ,कुणाल राणा, अबुल मुजफ्फर के साथ ही राजीव कुमार गुड्डू, रजनीश कुमार, डिंपल बसोतिया, विजय कुमार बप्पी, रघुनाथ प्रसाद ,मनोज कु०यादव, गणेश सरावगी, विमल किशोर, रवि कुमार ,अभिषेक कुमार, राजीव कुमार, रजनीश कुमार, पप्पू मोदी, प्रदीप शर्मा, अनिल सिंह ,मोहम्मद रफी ,विकास कुमार टिंकू एवं अवधेश कुमार आदि उपस्थित थे।
कार्यक्रम का संचालन समाजसेवी-शिक्षाविद् विजय कुमार सिंह ने तथा धन्यवाद ज्ञापन अकादमी के संचालक विकास कुमार टिंकू ने किया। कार्यक्रम का समापन खिलाड़ियों द्वारा वर्ल्ड कप में भारत के फाइनल में जीत की कामना के उद् घोष के साथ हुआ।
