पटना, (न्यूज़ क्राइम 24) एकतरफा प्यार में सनकी हो चुके युवक की हैवानियत ने एक नाबालिग छात्रा की जान ले ली, सड़क से गुजर रही 17 वर्षीय छात्रा पर युवक ने पेट्रोल डालकर आग लगा दी और मौके से फरार हो गया. आग की लपटों में घिरी छात्रा सड़क पर चिल्लाती रही। उसकी चीखें सुनकर आसपास के लोग दौड़े और किसी तरह आग बुझाई, स्थानीय लोगों ने तुरंत परिवार को सूचना दी और घायल अवस्था में छात्रा को अस्पताल पहुंचाया गया.
गंभीर रूप से झुलसी छात्रा पांच दिन तक जिंदगी और मौत के बीच संघर्ष करती रही. आखिरकार 22 जनवरी की देर रात इलाज के दौरान अस्पताल में उसकी मौत हो गई. इस सनसनीखेज वारदात के बाद पूरे इलाके में आक्रोश और मातम का माहौल है. इधर छात्रा की मौत के बाद पुलिस पर दबाव और बढ़ गया. आरोपी की गिरफ्तारी को लेकर पुलिस की कई टीमों को लगाया गया. आग लगाने वाले युवक की तलाश में उसके रिश्तेदारों और संभावित ठिकानों पर पटना से लेकर जहानाबाद तक लगातार छापेमारी की जा रही थी. इसी बीच पुलिस की घेराबंदी और बढ़ते दबाव के चलते आरोपी युवक ने 23 जनवरी की दोपहर बाद पटना सिविल कोर्ट में सरेंडर कर दिया।
जानकारी के मुताबिक संपतचक बैरिया इलाके में रहने वाला बीस साल का युवक आदित्य कुमार, उसी मोहल्ले की 17 वर्षीय नाबालिग छात्रा मुस्कान कुमारी को लगातार छेड़खानी कर परेशान करता था. एकतरफा प्यार के चलते आरोपी युवक बार-बार मुस्कान का पीछा करता था, जबकि छात्रा उससे दूरी बनाकर रहती थी और किसी भी तरह का संबंध नहीं चाहती थी. मुस्कान ने आरोपी की हरकतों की शिकायत कई बार अपने परिवार के लोगों से की थी. परिवार द्वारा आरोपी आदित्य कुमार और उसके परिजनों को भी कई बार चेताया गया, लेकिन वह अपनी हरकतों से बाज नहीं आया.
लगातार परेशान किए जाने के कारण परिवार ने मुस्कान को उसकी सुरक्षा के लिए अब्दुल्लाह चक स्थित ननिहाल भेज दिया, जहां वह परिवार के साथ किराए के मकान में रहने लगी. इसके बावजूद आरोपी युवक ने उसका पीछा नहीं छोड़ा. 17 जनवरी की शाम मुस्कान अब्दुल्लाह चक के पास सड़क से गुजर रही थी, तभी आदित्य कुमार ने उसका पीछा किया और अचानक उस पर पेट्रोल डालकर आग लगा दी. वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी मौके से फरार हो गया।
आग की लपटों में घिरी मुस्कान सड़क पर चीखती-चिल्लाती रही. उसकी आवाज सुनकर आसपास के राहगीर और दुकानदार मौके पर पहुंचे और कपड़ा, चादर व अन्य साधनों से किसी तरह आग बुझाई. घटना की सूचना मिलते ही परिवार के लोग मौके पर पहुंचे और आनन-फानन में गंभीर रूप से झुलसी नाबालिग छात्रा को नालंदा मेडिकल कॉलेज अस्पताल ले जाया गया। छात्रा का शरीर बुरी तरह झुलस चुका था. डॉक्टरों ने उसे बचाने का हर संभव प्रयास किया, लेकिन वह पांच दिनों तक जिंदगी और मौत के बीच संघर्ष करती रही.
घटना के दूसरे दिन 18 जनवरी को छात्रा की मां ने गोपालपुर थाना में आरोपी आदित्य कुमार के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई. इसके बाद पुलिस ने आरोपी की गिरफ्तारी के लिए पटना से लेकर जहानाबाद तक लगातार छापेमारी शुरू कर दी. आखिरकार इलाज के दौरान 22 जनवरी की देर रात उसने दम तोड़ दिया. छात्रा की मौत के बाद परिवार में कोहराम मच गया है और मां-पिता समेत परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। परिवार के लोगों ने आरोपी को कड़ी से कड़ी सजा दिलाने की मांग की है. इस सनसनीखेज घटना को लेकर संपतचक, अब्दुल्लाह चक से लेकर बैरिया तक पूरे इलाके में ग्रामीणों के बीच भारी आक्रोश का माहौल है।
पटना सदर डीएसपी-2 रंजन कुमार ने बताया कि एक महिला द्वारा आवेदन दिया गया था, जिसमें उनकी नाबालिग बेटी को पेट्रोल डालकर आग लगाए जाने का आरोप लगाया गया था. सूचना मिलते ही पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए घटनास्थल पर पहुंचकर एफएसएल टीम की मदद से साक्ष्य संकलन किया. पीड़िता के फर्दबयान के आधार पर कांड दर्ज किया गया. इलाज के दौरान 22 जनवरी की देर रात पीड़िता की मृत्यु हो गई. आरोपी की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही थी, इसी दौरान उसने न्यायालय में आत्मसमर्पण कर दिया। गोपालपुर थाना अध्यक्ष अमित कुमार ने बताया कि मृतक नाबालिग छात्रा मुस्कान कुमारी, उम्र 17 वर्ष, बैरिया संपतचक की रहने वाली थी. वह अब्दुल्लाह चक इलाके में अपने ननिहाल में किराए के मकान में परिवार के साथ रह रही थी।
मुस्कान की मां द्वारा दिए गए आवेदन में उल्लेख किया गया है कि 17 जनवरी की शाम मुस्कान किसी काम से सड़क पर गई थी. इसी दौरान आरोपी मनचला युवक आदित्य , जो पूर्व से उसे लगातार परेशान करता और छेड़छाड़ करता था, ने उस पर पेट्रोल डालकर आग लगा दी। घटना के बाद गंभीर रूप से झुलसी नाबालिग छात्रा का इलाज नालंदा मेडिकल कॉलेज अस्पताल में चल रहा था, जहां उपचार के दौरान 22 जनवरी की देर रात उसकी मौत हो गई. उन्होंने आरोपी युवक के पटना सिविल कोर्ट में सरेंडर करने की पुष्टि की है।
17 वर्षीय छात्रा मुस्कान कुमारी के पिता ने बताया कि बेटी का इलाज चल रहा था, तब डीएसपी अस्पताल में जीवित अवस्था में बेटी का बयान दर्ज कराया गया था। बयान में छात्रा ने विस्तार से बताया कि आरोपी युवक आदित्य कुमार लगातार उसे सवाल-जवाब करके बातचीत करने की कोशिश करता था। जब वह बातचीत नहीं करती थी तो युवक पेट्रोल डालकर आग लगाने की धमकी देता था। बेटी ने अपने बयान में यह भी बताया कि आरोपी ने धमकी को अंजाम दे दिया और 17 जनवरी की शाम सड़क पर उसे पेट्रोल डालकर आग लगा दी। इस घटना के बाद बेटी गंभीर रूप से झुलस गई और इलाज के दौरान 22 जनवरी की देर रात उसकी मौत हो गई। मुस्कान के पिता ने कहा कि उनकी बेटी के साथ जो भी हुआ, वह अत्यंत दर्दनाक और शर्मनाक है। उन्होंने आरोपियों को कड़ी से कड़ी सजा दिलाने की मांग की है। पिता का कहना है कि इस सनसनीखेज वारदात के लिए आरोपी युवक को फांसी की सजा दी जानी चाहिए, ताकि ऐसी घटनाओं पर कठोर संदेश जाए और अन्य लोग भी डरें।
