पानीपत, धर्मवीर शर्मा : एंटी एक्सटार्सन सेल पुलिस टीम ने गुड़ मंडी निवासी पवन (19) की हत्या के मामले में शुक्रवार को दूसरे आरोपी राजपूताना बाजार अमर भवन चौक निवासी साहिल को हरि नगर में जैन चौक के पास से गिरफ्तार किया।
एंटी एक्सटार्सन सेल प्रभारी सब इंस्पेक्टर रमेश ने बताया कि पूछताछ में आरोपी ने मामले में पहले गिरफ्तार हो चुके अपने साथी आरोपी काबड़ी रोड निवासी पंकज के साथ मिलकर उक्त वारदात को अंजाम देना स्वीकारा।
एंटी एक्सटॉर्शन सेल पुलिस ने बीते वीरवार को वारदात का पर्दाफाश करते हुए आरोपी पंकज को गिरफ्तार किया था। पूछताछ में आरोपी ने अपने फरार साथी आरोपी साहिल के साथ मिलकर वारदात को अंजाम देना स्वीकार किया था। पुलिस ने आरोपी पंकज को माननीय न्यायालय में पेश कर दो दिन के पुलिस रिमांड पर लिया था।
पूछताछ में आरोपी ने पुलिस को बताया था कि वह साहिल और पवन करीब 10-12 साल से दोस्त थे। तीनों नशा करने के आदी थे। 19 जुलाई को उसने पवन को जन्मदिन की पार्टी का बहाना बनाकर घर से निकलने के लिए कहा था। शाम के समय पवन उसके पास आया और दोनों ने नशा करने के बाद घर पर ही सो गए।
20 जुलाई को दोपहर बाद उसने पवन और साहिल ने लाल बत्ती चौक के पास स्थित खंडहरनुमा बिल्डिंग में बैठकर नशा किया। नशा होने के बाद पवन दोनों के साथ गाली-गलौज करने लगा और साथ ही और नशा करने की जिद करने लगा। मना करने पर पवन ने दोनों के साथ मारपीट शुरू कर दी। इस पर दोनों ने पवन को नीचे गिराकर उसकी छाती पर पैर से मारपीट की, जिससे पवन की सांसें थम गईं। इसके बाद दोनों उसकी जेब से मोबाइल फोन और 1200 रुपये निकालकर मौके से फरार हो गए। पवन की बहन का फोन आने पर वह उसे और उसके परिजनों को गुमराह करता रहा।
सेल प्रभारी सब इंस्पेक्टर रमेश ने बताया कि आरोपियों के कब्जे से मृतक पवन का छीना गया मोबाइल फोन बरामद कर पुलिस ने शनिवार को आरोपी पंकज को रिमांड अवधि पूरी होने पर तथा आरोपी साहिल को पूछताछ के बाद माननीय न्यायालय में पेश किया जहां से दोनों को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया।
यह है मामला
थाना किला में गुड़ मंडी निवासी नेहा पुत्री संजय ने पुलिस को दी शिकायत में बताया था कि उसका 19 वर्षीय भाई पवन 19 जुलाई की शाम करीब 7 बजे अपने दोस्त की जन्मदिन पार्टी में जाने की बात कहकर घर से निकला था। उसने 21 जुलाई को भाई से बात करने के लिए उसके दोस्त पंकज के नंबर पर कॉल की। पंकज ने बताया कि पवन 20 जुलाई को दोपहर बाद उसके घर से चला गया था। इसके बाद उन्होंने अपने स्तर पर भाई की तलाश की, लेकिन उसका कहीं कोई पता नहीं चला। नेहा की शिकायत पर थाना किला में गुमशुदगी की धारा के तहत अभियोग दर्ज कर पुलिस ने पवन की तलाश शुरू कर दी थी। 22 जुलाई को लाल बत्ती चौक के पास एक खंडहरनुमा बिल्डिंग में पवन का शव मिला था। बाद में मामले में हत्या की धारा इजाद कर आगामी कार्रवाई अमल में लाई गई।
