पटना, अजित। बिहार के खेल इतिहास में एक नया अध्याय जुड़ गया है. फुलवारी शरीफ निवासी दिव्यांग पैरा क्लाइम्बर अर्जुन पांडे ने पैरा क्लाइम्बिंग नेशनल कप 2025 में कांस्य पदक जीतकर राज्य को पहली बार राष्ट्रीय स्तर पर पदक दिलाया है. यह प्रतिष्ठित प्रतियोगिता बेंगलुरु में आयोजित हुई, जिसमें अर्जुन पांडे ने लोअर लिम्ब डिसेबिलिटी श्रेणी में शानदार प्रदर्शन किया।
अर्जुन पांडे ने न केवल कांस्य पदक हासिल किया, बल्कि AL2 श्रेणी में प्रथम स्थान भी प्राप्त कर अपनी प्रतिभा और संघर्ष की मिसाल पेश की. पैरा क्लाइम्बिंग में बिहार के लिए यह पहली राष्ट्रीय पदक उपलब्धि मानी जा रही है, जिसे खेल जगत में ऐतिहासिक माना जा रहा है। अर्जुन पांडे का प्रशिक्षण सैयद अबादुर रहमान के मार्गदर्शन में हुआ है, जो स्पोर्ट क्लाइम्बिंग एसोसिएशन ऑफ बिहार के सचिव, बिहार के प्रथम नेशनल स्पोर्ट क्लाइम्बर और राज्य टीम के कोच हैं. अर्जुन ने स्पोर्ट क्लाइम्बिंग एसोसिएशन ऑफ बिहार का प्रतिनिधित्व करते हुए यह उल्लेखनीय सफलता हासिल की। संघ की ओर से इस उपलब्धि के लिए मुख्यमंत्री नीतीश कुमार, खेल मंत्री श्रेयसी सिंह तथा बिहार राज्य खेल प्राधिकरण के महानिदेशक रविंद्रन शंकरन के सहयोग और प्रोत्साहन के प्रति आभार व्यक्त किया गया है. प्रतियोगिता के लिए पटना से प्रस्थान के समय अर्जुन पांडे को मनीष कुमार, अभिषेक कुमार और संजीव कुमार ने शुभकामनाओं के साथ विदा किया था।
सैयद अबादुर रहमान, सचिव, स्पोर्ट क्लाइम्बिंग एसोसिएशन ऑफ बिहार ने कहा कि अर्जुन की यह सफलता बिहार के दिव्यांग खिलाड़ियों के लिए नई प्रेरणा बनेगी. उन्होंने बताया कि फुलवारी शरीफ के साधारण परिवार से आने वाले अर्जुन पांडे का दायां पैर नहीं है, जिसके कारण वे पैरा श्रेणी में प्रतिस्पर्धा करते हैं. इसी वर्ष उनके पिता का देहांत हो गया था. जीविका के लिए अर्जुन जोमैटो पर फूड डिलीवरी का कार्य करते हैं. प्रतियोगिता और प्रशिक्षण से जुड़ा पूरा खर्च स्पोर्ट क्लाइम्बिंग एसोसिएशन ऑफ बिहार द्वारा वहन किया गया, जबकि प्रशिक्षण की व्यवस्था भी संघ के स्तर से की गई.
स्पोर्ट क्लाइम्बिंग एसोसिएशन ऑफ बिहार ने अर्जुन पांडे को इस ऐतिहासिक राष्ट्रीय पदक उपलब्धि के लिए बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य और आगामी राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में और अधिक सफलता की कामना की है।
