सड़क किनारे फेंके गए तिरंगे को महाकाल युवा संगठन ने समेटा

लोगों से अपील- तिरंगे का करें सम्मान, जहां-तहां नहीं फेंके

[Written By: Robin Raj]

पटना(न्यूज़ क्राइम 24): भारत के संविधान में राष्ट्रीय ध्वज और तिरंगे को लेकर कई तरह के प्रावधान हैं. लेकिन इसके बाद भी अक्सर तिंरगे का अपमान देखा जाता है. खासकर यह दृश्य स्वतंत्रता दिवस और गणतंत्र दिवस में देखने को मिलता है जब कागज, प्लास्टिक और कपड़े के बने तिरंगे को लोग सडकों के किनारे या कचरे के ढेर में फेंक देते हैं. सुबह से लेकर शाम तक ही तिंरगे को सम्मान दिया जाता है और जैसे-जैसे शाम ढलती है वैसे-वैसे सड़कों पर फेंके गए तिरंगे नजर आने लगते है, हालांकि सड़कों पर गिरा तिरंगा पर सबकी नजर पड़ती है लेकिन कोई उसे उठाकर किनारा तक नही करता, यूं कहें तो लोगों में अभी भी पूर्ण रूप से तिंरगे का सम्मान कैसा किया जाता है ये मालूम ही नही है. लेकिन आप लोग इस बात पर जरूर ध्यान दे और खुद भी जागरूक हो और दूसरे को भी जागरूक करें “न्यूज़ क्राइम 24” भी आप सभी लोगों से अपील कर रहा है कि अपने देश के राष्ट्रीय ध्वज को किसी भी तरह झुकने न दे कही भी गिरा पड़े उसे नजर अंदाज न करें उस तिरंगे को उठाकर किसी सही जगह पर रख दें।

तिरंगे के सम्मान में महाकाल युवा संगठन मैदान में-

हालांकि महाकाल युवा संगठन के सदस्यगण हर वर्ष गणतंत्र दिवस और स्वतंत्रता दिवस के बाद घूम-घूम कर सडकों के किनारे फेंके गए तिरंगे को एकत्रित करते हैं और उसे सही जगह जाकर प्रवाहित करते है. उनका एक नारा है “तिरंगे के सम्मान में महाकाल युवा संगठन मैदान में” इस दौरान संस्था के अध्यक्ष ऋषिकेश कुमार अपने सदस्यों संग मिलकर लोगों से तिरंगे का सम्मान करने और उसे जहां-तहां नहीं फेंकने की अपील भी करते हैं. इस नेक कार्य मे सत्रु कुमार, रंजन यादव, शंकर शर्मा, करण सिंह यादव एवम अभिषेक कुमार शामिल थे।