फुलवारीशरीफ, अजित। केंद्रीय शिक्षा मंत्रालय के निर्देशानुसार एम्स पटना में आज एंटी-रैगिंग वीक का उद्घाटन किया गया। उद्घाटन कार्यक्रम संस्थान के ऑडिटोरियम में आयोजित हुआ और इसका निर्देशन कार्यकारी निदेशक-कम-सीईओ प्रो (डॉ) सौरभ वार्ष्णेय के मार्गदर्शन में किया गया।
कार्यक्रम की शुरुआत रजिस्ट्रार प्रो (डॉ) ज्योति प्रकाश के स्वागत भाषण से हुई जिसमें संस्थान की रैगिंग के प्रति ज़ीरो टॉलरेंस नीति पर विशेष जोर दिया गया.आयोजन दौरान बताया गया कि एंटी-रैगिंग वीक 12 अगस्त से 18 अगस्त तक चलेगा और इस अवधि में संस्थान के विभिन्न परिसर में कई गतिविधियाँ आयोजित की जाएँगी.इन गतिविधियों में एंटी-रैगिंग जागरूकता रैली, नुक्कड़ नाटक, पेंटिंग प्रतियोगिता, निबंध लेखन, रंगोली प्रतियोगिता और छात्र-छात्राओं के लिए सेमिनार व कार्यशालाएँ शामिल हैं।
कार्यकारी निदेशक-कम-सीईओ प्रो (डॉ) सौरभ वार्ष्णेय ने बताया की कार्यक्रम का उद्देश्य छात्रों में रैगिंग के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूकता बढ़ाना, शिष्टाचार व सम्मान का परिचय कराना तथा परिसर में सुरक्षित और सकारात्मक वातावरण सुनिश्चित करना है.एम्स निदेशक ने स्पष्ट कहा कि संस्थान रैगिंग के किसी भी रूप को बर्दाश्त नहीं करेगा और निरंतर निगरानी तथा सामुदायिक भागीदारी के जरिए छात्र-जीवन को सुरक्षित बनाए रखने के लिए प्रतिबद्ध है। वहीं रजिस्ट्रार और अन्य वरिष्ठों ने छात्रों से अपील की कि किसी भी प्रकार की असहज स्थिति की सूचना तुरंत एंटी-रैगिंग कमेटी या संस्थान के समुचित चैनलों पर दें, ताकि त्वरित और सख्त कार्रवाई की जा सके।
उद्घाटन सत्र में मुख्य अतिथियों और वरिष्ठ पदाधिकारियों में प्रो रूचि सिन्हा (डीन अकादमिक), प्रो पूनम भदानी (डीन स्टूडेंट अफेयर), प्रो अनूप कुमार (डीन एग्जामिनेशन कम मेडिकल सुपेरिंटेंडेंट) शामिल रहे.इसके अतिरिक्त डिप्टी डायरेक्टर श्री नीलोत्पल बल, प्रो संजीव कुमार (फैकल्टी एडमिन), प्रो अरुण प्रसाद (मेंबर, एंटी रैगिंग कमिटी), प्रो अमित पाटिल (मेंबर सेक्रेटरी, एंटी रैगिंग कमिटी) और श्री हंसमुख जैन (इंचार्ज प्रिंसिपल, कॉलेज ऑफ़ नर्सिंग) भी कार्यक्रम में उपस्थित रहे.साथ ही प्रमुख विभागाध्यक्षों, संकाय सदस्यों, कार्यालय स्टाफ और लगभग 300 एम बी बी एस एवं नर्सिंग के विद्यार्थियों ने भी उद्घाटन समारोह में भाग लिया।
