बलिया, संजय कुमार तिवारी। समाजवादी पार्टी ने वाराणसी खण्ड शिक्षक एवं स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों के चुनाव में सत्ता के दुरुपयोग के जरिए मतदाताओं को प्रभावित करने और मतदान की स्वतंत्रता बाधित करने का आरोप भाजपा पर लगाया है। पार्टी ने जिला विद्यालय निरीक्षक की ओर से जारी पत्र पर कड़ी आपत्ति जताते हुए इसे चुनाव को प्रभावित करने की कोशिश बताया है।
समाजवादी पार्टी ने कहा कि जिला विद्यालय निरीक्षक की ओर से वित्तविहीन विद्यालयों के प्रबंधकों एवं प्रधानाचार्यों को 21 अक्टूबर को कार्यालय में उपस्थित होकर अभिलेखों का सत्यापन कराने का निर्देश दिया जाना और सहायता प्राप्त विद्यालयों के लोगो को फोन कर धमकाना गंभीर सवाल खड़े करता है। पार्टी का आरोप है कि चुनाव के समय इस तरह की कार्रवाई से विद्यालय प्रबंधकों एवं प्रधानाचार्यों पर अनावश्यक दबाव बनाया जा सकता है और मतदान के स्वतंत्र अधिकार को प्रभावित करने की आशंका पैदा होती है।
पार्टी ने कहा कि भाजपा को अपनी हार का आभास हो गया है। प्रदेश के शिक्षक और युवा वर्तमान सरकार की नीतियों से असंतुष्ट हैं और बदलाव चाहते हैं। इसी कारण सरकारी मशीनरी के इस्तेमाल से मतदाताओं पर दबाव बनाने की कोशिश की जा रही है। समाजवादी पार्टी ने स्पष्ट किया कि वह लोकतांत्रिक अधिकारों के हनन और सत्ता के किसी भी अनुचित इस्तेमाल का पुरजोर विरोध करेगी।
समाजवादी पार्टी के जिलाध्यक्ष सुनील कुमार मौर्य ने कहा कि अधिकारियों को यह समझना चाहिए कि सत्ता स्थायी नहीं होती, समय के साथ बदलती रहती है। इसलिए किसी भी अधिकारी को सत्ता के दबाव में संवैधानिक मर्यादाओं का उल्लंघन नहीं करना चाहिए। अधिकारियों का दायित्व है कि वे निष्पक्ष रहकर संविधान और लोकतांत्रिक मूल्यों के अनुरूप अपने कर्तव्यों का निर्वहन करें तथा चुनाव की निष्पक्षता सुनिश्चित करने में सहयोग करें।
समाजवादी पार्टी के जिला उपाध्यक्ष एवं प्रवक्ता सुशील पाण्डेय कान्हजी ने जिला विद्यालय निरीक्षक द्वारा पत्र जारी कर विद्यालयों के प्रबंधकों एवं प्रधानाचार्यों को प्रभावित करने और चुनावी प्रक्रिया पर दबाव बनाने की कथित कोशिश की कड़ी निंदा की। उन्होंने कहा कि समाजवादी पार्टी संघर्षों से निकली पार्टी है। उसके नेता और कार्यकर्ता किसी भी प्रकार के दबाव या धमकी से डरने वाले नहीं हैं।
उन्होंने कहा कि समाजवादी पार्टी चुनाव में सरकार के हर अनुचित हथकंडे का लोकतांत्रिक तरीके से डटकर मुकाबला करेगी। पार्टी अपने घोषित प्रत्याशियों लाल बिहारी यादव एवं आशुतोष सिन्हा को भारी अंतर से विजयी बनाने के लिए पूरी मजबूती से जुटी है। उन्होंने शिक्षकों, स्नातक मतदाताओं एवं पार्टी कार्यकर्ताओं से अपील की कि वे निर्भीक होकर अपने मताधिकार का प्रयोग करें और लोकतंत्र की मजबूती के लिए आगे आएं।
