बलिया, संजय कुमार तिवारी। बलिया के रसड़ा तहसील क्षेत्र के छितौनी गांव निवासी पूर्व सैनिक नागेन्द्र कुमार सिंह ने बापू माध्यमिक विद्यालय पर फर्जी तरीके से मान्यता लेने का गंभीर आरोप लगाया है। शिकायत जिलाधिकारी कार्यालय में की गई है और मामला मुख्यमंत्री तक पहुंच चुका है। शिकायतकर्ता का आरोप है कि गांव में चल रहा बापू माध्यमिक विद्यालय मात्र 404 वर्ग मीटर में बना है, जबकि ग्रामीण क्षेत्र में इंटर कॉलेज के लिए 600वर्ग मीटर जमीन का मानक है।
नागेन्द्र सिंह ने बताया कि उन्होंने बेसिक शिक्षा अधिकारी और जिला विद्यालय निरीक्षक से दो-दो बार मिलकर शिकायत की, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। 23 तारीख को खंड शिक्षा अधिकारी पवन कुमार सिंह जांच में आए थे, लेकिन प्रधानाचार्य मौके पर मौजूद नहीं मिले और प्रबंधक रामजी सिंह के लड़के राकेश कुमार सिंह ने उन्हें अपशब्द कहकर विद्यालय से बाहर निकाल दिया।
उन्होंने बताया कि जमीन की रजिस्ट्री 3 मार्च 2002 को हर्ष नारायण प्रसाद से कराई गई थी, लेकिन 2016 से प्राइमरी की मान्यता दिखाई जा रही है। पहले वहां गाय बांधी जाती थी और सब्जी उगाई जाती थी। 21 सितंबर को आनन-फानन में प्राइमरी स्कूल का बोर्ड लगा दिया गया। इसी परिसर में संस्कृत महाविद्यालय भी चलाने का आरोप है। शिकायतकर्ता के अनुसार मुख्यमंत्री कार्यालय से 23 तारीख को पत्र डीएम को आया, डीएम ने 25 तारीख को जिला विद्यालय निरीक्षक को मार्क किया, लेकिन DIOS ने कोई कार्रवाई नहीं की और फोन काट दिया। आज डीएम से मिलने पर डीएम ने मामले की जांच के लिए टीम गठित करने का आश्वासन दिया है। शिकायतकर्ता ने पूरे मामले में शिक्षा विभाग की मिलीभगत और लापरवाही का आरोप लगाया है।
