पटना, (न्यूज़ क्राइम 24) प्रधानमंत्री सूर्य घर: मुफ्त बिजली योजना के प्रभावी क्रियान्वयन को लेकर जिलाधिकारी श्री कुन्दन कुमार ने संबंधित अधिकारियों, बैंकों एवं कार्यान्वयन एजेंसियों के साथ समीक्षा बैठक की। उन्होंने योजना के तहत सोलर पैनल स्थापना की प्रगति की समीक्षा करते हुए निर्देश दिया कि निर्धारित समय-सीमा के भीतर गुणवत्ता के उच्च मानकों के साथ सभी कार्य को पूरा किया जाए।
जिलाधिकारी ने कहा कि प्रधानमंत्री सूर्य घर: मुफ्त बिजली योजना सरकार की महत्वपूर्ण जनकल्याणकारी पहल है। इसका उद्देश्य परिवारों को स्वच्छ एवं नवीकरणीय ऊर्जा उपलब्ध कराने के साथ-साथ बिजली के खर्च को कम करना है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि अधिक से अधिक पात्र परिवारों को योजना से आच्छादित करने के लिए व्यापक स्तर पर जागरूकता एवं प्रचार-प्रसार किया जाए तथा सोलर पैनल स्थापना में अनावश्यक विलंब नहीं हो।
बी पी एल परिवारों के घरों पर निशुल्क लगाया जा रहा सोलर पैनल
बैठक में बताया गया कि योजना के अंतर्गत बीपीएल परिवारों के घरों पर निःशुल्क सोलर पैनल स्थापित किए जा रहे हैं। इस योजना अंतर्गत पटना जिला में नवंबर माह तक कुल 5,585 सोलर पैनल स्थापित करने का लक्ष्य निर्धारित है, जिसके विरुद्ध अब तक 441 सोलर पैनल स्थापित किए जा चुके हैं। जिलाधिकारी ने शेष लक्ष्य को निर्धारित अवधि में पूरा करने के लिए कार्य में तेजी लाने का निर्देश दिया।
सोलर पैनल स्थापना की गति बढ़ाने का निर्देश
जिलाधिकारी ने कार्यपालक अभियंता विद्युत् को निर्देश दिया कि वे कार्यकारी एजेंसी सनफीड इको सोलूशन्स के कार्यों का निरंतर अनुश्रवण करें तथा कंपनी द्वारा पर्याप्त मैनपावर की उपलब्धता सुनिश्चित कराएं। उन्होंने निर्देश दिया कि वर्तमान में प्रतिदिन लगाए जा रहे 100 सोलर पैनल की संख्या बढ़ाएं एवं कल से प्रतिदिन 150 सोलर पैनल स्थापित कराना सुनिश्चित किया जाए।
उन्होंने कहा कि निर्धारित लक्ष्य की प्राप्ति के लिए कार्यबल एवं संसाधनों में आवश्यक वृद्धि की जाए तथा क्षेत्रवार कार्य की नियमित समीक्षा की जाए। सोलर पैनल स्थापना की गति बढ़ाने के साथ-साथ गुणवत्ता से किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाए।
गैर-बीपीएल परिवारों को भी मिल रही महत्वपूर्ण वित्तीय सहायता
बैठक में बताया गया कि प्रधानमंत्री सूर्य घर: मुफ्त बिजली योजना का लाभ गैर-बीपीएल परिवारों को भी दिया जा रहा है। ऐसे इच्छुक लाभुकों को सोलर संयंत्र स्थापित करने के लिए सरकार द्वारा सब्सिडी का प्रावधान किया गया है।
गैर-बीपीएल परिवार के लाभुक द्वारा 1 किलोवाट का सोलर संयंत्र स्थापित करने पर 30,000 रुपये, 2 किलोवाट के संयंत्र पर 60,000 रुपये तथा 3 किलोवाट या उससे अधिक क्षमता के संयंत्र पर अधिकतम 78,000 रुपये तक की सब्सिडी दी जाती है।
इसके अतिरिक्त, इच्छुक लाभुकों को सोलर पैनल स्थापित करने के लिए प्रधानमंत्री सूर्य घर: मुफ्त बिजली योजना के अंतर्गत ऋण की सुविधा भी उपलब्ध है।
छोटे-मोटे कारणों से ऋण आवेदन रिजेक्ट नहीं करने का निर्देश
योजना के अंतर्गत ऋण आवेदनों को बैंकों द्वारा अस्वीकृत किए जाने के मामलों की समीक्षा करते हुए जिलाधिकारी ने बैंकों के अधिकारियों को निर्देश दिया कि छोटे-मोटे एवं सुधार योग्य कारणों के आधार पर ऋण आवेदनों को अस्वीकृत नहीं किया जाए।
उन्होंने कहा कि पात्र लाभुकों को योजना का लाभ दिलाना प्रशासन की प्राथमिकता है। आवेदन में किसी प्रकार की कमी पाए जाने पर लाभुक को आवश्यक सुधार के लिए उचित मार्गदर्शन दिया जाए तथा पात्रता की शर्तें पूरी करने वाले अधिक से अधिक आवेदकों को ऋण उपलब्ध कराया जाए। जिससे कि अधिक से अधिक लोग इसका लाभ उठा सकें.
जिलाधिकारी ने बैंकों को ऋण आवेदनों का समयबद्ध एवं संवेदनशीलता के साथ निष्पादन सुनिश्चित करने तथा अधिक से अधिक लोगों को योजना से जोड़ने के उद्देश्य से लोन मेला आयोजित करने का निर्देश दिया। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को बैंकों एवं कार्यान्वयन एजेंसियों के साथ नियमित समन्वय स्थापित कर योजना की प्रगति की सतत निगरानी करने को कहा।
जिलाधिकारी ने कहा कि योजना के सफल क्रियान्वयन से परिवारों के बिजली खर्च में कमी आने के साथ-साथ स्वच्छ एवं नवीकरणीय ऊर्जा को बढ़ावा, पर्यावरण संरक्षण तथा ऊर्जा के क्षेत्र में आत्मनिर्भरता को बल मिलेगा। उन्होंने सभी संबंधित अधिकारियों, बैंकों एवं एजेंसियों को आपसी समन्वय, नियमित अनुश्रवण एवं समयबद्ध कार्रवाई के माध्यम से निर्धारित लक्ष्य को पूरा करने का निर्देश दिया। बैठक में उप विकास आयुक्त शुभम कुमार, विद्युत् विभाग के अधीक्षण अभियंता समेत अन्य अधिकारी उपस्थित थे।
