पटना, अजीत। पीसीआई इंडिया के माध्यम से नई दिशा समिति के प्रशिक्षण हॉल, जानीपुर में शनिवार को एक कार्यशाला का आयोजन किया गया. कार्यशाला का उद्देश्य महिलाओं में नजदीकी दृष्टि कमजोरी से होने वाली समस्याओं का समाधान करना और इससे प्रभावित जीविकोपार्जन गतिविधियों को बढ़ावा देना रहा। पीसीआई इंडिया के मोहम्मद एजाज अहमद ने बताया कि यह परियोजना डीबीएस के सहयोग से बिहार के 15 प्रखंडों में संचालित की जा रही है, जिसकी शुरुआत फुलवारी शरीफ में इस कार्यशाला के माध्यम से की गई. परियोजना के तहत महिलाओं को नजदीकी दृष्टि दोष से राहत देने के लिए 10 हजार चश्मे उपलब्ध कराए जाएंगे और कुल 50 शिविर आयोजित किए जाएंगे।
नई दिशा समिति की अध्यक्ष सीमा देवी ने परियोजना के लिए आभार व्यक्त करते हुए कहा कि समिति महिला स्वास्थ्य से जुड़ी कई योजनाओं पर कार्य कर चुकी है, लेकिन आंख जैसे महत्वपूर्ण अंग पर यह पहला प्रयास है. इस योजना से समिति के कार्यक्षेत्र की लगभग 10 हजार महिलाओं को लाभ मिलेगा। उन्होंने बताया कि नजदीकी दृष्टि कमजोरी के कारण महिलाओं की आजीविका गतिविधियां प्रभावित होती हैं, जिससे उनकी आमदनी घटने लगती है, लेकिन उम्र से जुड़ी सामान्य समस्या मानकर इसे अक्सर नजरअंदाज कर दिया जाता है. महंगे इलाज, जानकारी की कमी और चिकित्सकीय सुविधा तक पहुंच न होना भी बड़ी वजह है. इस परियोजना के माध्यम से समिति का प्रयास रहेगा कि लाभ लगातार महिलाओं तक पहुंचे। इस अवसर पर समिति की पूनम कुमारी, अभिषेक कुमार, रोहित कुमार, राजेश दास, रेनू सिंह, खड़िया सुनीता देवी, नौसा विभा देवी, कोइरीबीघा पूजा देवी, अमृता देवी, नगमा, मंजू कुमारी (सारंगपुर), चांदनी कुमारी, कोरा अनिता कुमारी, पकड़ी रूपा कुमारी, सुजाता कुमारी (भूसौला), आभा कुमारी (बोधगमा) सहित कई महिलाएं उपस्थित रहीं।
