बिहार

नरपतगंज मुख्यालय क्षेत्र में किसान यूरिया खाद के लिए है परेशान

अररिया(रंजीत ठाकुर): नरपतगंज प्रखंड मुख्यालय अंतर्गत खाद दुकानों में खाद को लेकर किसान हो रहे हैं परेशान, सरकारी मूल्य से अधिक मूल्यों में खरीदना पड़ता है खाद क्षेत्र के किसान ने कहा नहीं लेते हैं सरकारी बाबू किसानों का सुध हो रहा है

फसल बर्बाद। समाचार संकलन के दौरान नरपतगंज बाजार में किसानों ने मीडिया के सामने कहां यूरिया खाद दुकानदारों से कई घंटों खड़े होने के बाद 320 से 350 एवं डीएपी 1800 रुपए में खरीदना पड़ता है, नहीं तो दुकानदार कहता है खाद नहीं है।

आखिर हम किसान करे तो क्या करें जबकि हम लोग खेती पर ही आधारित हैं। कुल मिलाकर देखा जाए तो नरपतगंज प्रखंड क्षेत्र में किसान खाद के लिए हाहाकार हैं लेकिन सरकारी बाबू किसानों के हित में कोई ऐसा ठोस कदम नहीं उठा रहे हैं।

अधिक मूल्य में बेचे जाने की बात कुछ दुकानदारों से पूछा गया तो दुकानदारों ने नाम नहीं छापने की शर्त पर बताया कि हम लोगों को प्रत्येक बार सरकारी कर्मी को खाद उठाओ के बाद भाड़ा के रूप में नजराना देना पड़ता है। हम लोग अगर सरकारी मूल्य से अधिक दामों में नहीं बेचेंगे तो हम लोग कहां से पूरा करेंगे।

क्या कहते हैं जिला कृषि पदाधिकारी अररिया,संजय कुमार शर्मा-

इस बाबत जिला कृषि पदाधिकारी अररिया श्री शर्मा ने बताया कि कोई भी दुकानदार सरकारी मूल्य से 1 रुपैया भी अधिक नहीं ले सकता है ।ऐसा हुआ तो उस पर हम कार्यवाई करेंगे दुकानदार का लाइसेंस रद्द कर देंगे। किसान इसकी सूचना हमें तुरंत दें।

कुल मिलाकर देखा जाए तो क्षेत्र के किसान इन व्यवस्था के चलते परेशान हो रहा है। सही समय पर फसल में खाद नहीं देने के वजह से फसल बर्बाद हो रहा है और सरकारी बाबू मजे मार रहे हैं।

क्षेत्र के किसान कहते हैं खाद दुकानदारों से ऐसे ऐसे बड़े लोगों का साथ गांठ है कि अपने मनमाने ढंग से अपने पसंद के किसानों को एक 1 बोरा के जगह 5 बोरा खाद देकर बड़ी आसानी से नेपाल के लिए तस्करी करवा देते हैं।

यहां तक की खाद उठा के समय पक्की बिल देना चाहिए किसान को, परंतु किसान को बिल नहीं दिया जाता है। साफ तौर पर भ्रष्टाचार को दर्शाता है।

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