अररिया(रंजीत ठाकुर): अररिया जिले के नरपतगंज प्रखंड क्षेत्र में कल्याणकारी योजनाओं को सुदृढ़ बनाने के लिए ग्रामीण क्षेत्रों में सरकार के निर्देश पर पदाधिकारियों का औचक निरीक्षण किया जाता है। वहीं ग्रामीण क्षेत्र के प्राथमिक विद्यालय मतनाजा, बड़हारा के प्रधानाध्यापक तपेश कुमार यादव को इसकी जरा भी फर्क नहीं है। प्रखंड क्षेत्र में पदाधिकारियों की जांच दल विभिन्न पंचायतों में विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं का जांच आज गुरुवार 28 जुलाई को किया जाना तय था।तय समयानुसार पदाधिकारियों ने क्षेत्र में जांच प्रारंभ किया। इसी कड़ी में संवादाता के द्वारा समाचार संकलन के दौरान ग्रामीणों की सूचना पर प्राथमिक विद्यालय मतनाजा, बड़हारा नरपतगंज, समय करीब 2:10बजे पहुंचा तो देखा कि विद्यालय में एक भी स्कूली बच्चे नहीं है। जब प्रधानाध्यापक तपेश कुमार यादव से पूछा गया कि विद्यालय में बच्चे नहीं हैं, तो उन्होंने बताया कि बच्चे आए थे चले गए,उनसे जब जांच दल के संबंध में पूछा गया तो उन्होंने बताया कि यहां कभी कोई जांच दल नहीं आते हैं।
जबकि देखने से ऐसा प्रतीत हो रहा था कि विद्यालय में एक भी बच्चे उपस्थित नहीं थे। जबकि पूरे प्रखंड में सभी विद्यालय के शिक्षकों को यह जानकारी पूर्व से मिला हुआ है की गुरुवार को सभी विद्यालय तथा कल्याणकारी योजनाओं का जांच किया जाएगा। ऐसा सुनने और जानने के बावजूद विद्यालय के नन्हे-मुन्ने बच्चों के प्रति लापरवाही बरतना कहीं ना कहीं भ्रष्टाचार का बढ़ावा देना साबित हो रहा है।
विद्यालय में उपस्थित सहायक शिक्षक रौशन कुमार ने बताया कि गांव के बगल में एक भोज है, भोज के कारण बच्चे नहीं हैं।
विद्यालय में दो चापाकल लगे हुए है, जो बिल्कुल खराब पड़ा हुआ है। खराब रहने से बच्चों को पानी पीने में भी काफी कठिनाई होता होगा, इससे भी ऐसा लगता है कि विद्यालय में बच्चों की उपस्थिति नग्न है, जबकि नामांकित बच्चों की संख्या 138 बताया गया है। प्रधानाध्यापक ने बताया कि विद्यालय का चार भवन जो दक्षिण तरफ बना हुआ है, वह कुछ लोगों के द्वारा अतिक्रमण कर रखा है। जब पूछा गया कि अतिक्रमण के संबंध में वरीय पदाधिकारी को बताया गया, तो प्रधानाध्यापक ने बताया बहुत दिन पूर्व बताए हुए थे। कुल मिलाकर यह देखा गया कि शिक्षकों को विद्यालय और बच्चों के प्रति जरा भी दिलचस्पी नहीं है।
क्या कहते हैं प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी, नरपतगंज, मोहम्मद आमिरउल्लाह:-
इस बाबा प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी ने बताया कि जांच कर उचित कार्यवाई की जाएगी।
