अररिया(रंजीत ठाकुर): एएनएम कार्यकर्ताओं की साप्ताहिक समीक्षात्मक बैठक मंगलवार को आयोजित की गयी। अररिया पीएचसी में आयोजित बैठक की अध्यक्षता सिविल सर्जन डॉ विधानचंद्र सिंह ने की। बैठक में जिलाधिकारी की अध्यक्षता में संपन्न विभागीय समीक्षात्मक बैठक में प्राप्त दिशा निर्देश के आधार पर स्वास्थ्य सुविधाओं की बेहतरी को लेकर कई जरूरी निर्देश संबंधित स्वास्थ्य अधिकारी व कर्मियों को दिये गये। इस दौरान विगत दिनों पीएचसी क्षेत्र संपन्न पल्स पोलियो चक्र में बेहतर कार्य के लिये चिह्नित तीन कर्मियों को पुरस्कृत किया गया। मौके पर पीएचसी प्रभारी डॉ जावेद, बीएचएम सईदुर्रजमा, यूनिसेफ के जय कुमार झा, बीसीएम सरवर आलम, बीएमएनई मो सुफियान सहित अन्य मौजूद थे।

एएनसी जांच के साथ प्रसव के जटिल मामलों को करें चिह्नित :
बैठक में सिविल सर्जन ने गर्भवती महिलाओं के प्रसव पूर्व देखभाल संबंधी सुविधा को प्रभावी बनाने का निर्देश दिया। जिले में मातृ-शिशु मृत्यु दर के मामलों में कमी लाने के उद्देश्य से एएनसी जांच को उन्होंने महत्वपूर्ण बताया। उन्होंने कहा कि एएनसी जांच के दौरान प्रसव संबंधी जटिल मामलों को चिह्नित करते हुए इसकी अद्यतन जानकारी विभाग को उपलब्ध कराने का निर्देश दिया। ताकि ऐसे मामलों पर समुचित निगरानी रखा जा सके। उन्होंने परिवार नियोजन के वैकल्पिक साधनों को बढ़ावा दिये जाने को लेकर जरूरी निर्देश दिये। हैल्थ एंड वेलनेस सेंटर पर स्वास्थ्य सुविधाओं का विस्तार करते हुए टेलीमेडिसीन सेवाओं के सफल संचालन के साथ-साथ डायबिटीज, कैंसर, ब्लड प्रेशर जैसे रोगों की स्क्रीनिंग को बढ़ावा देने का निर्देश उन्होंने दिया। पीएचसी प्रभारी डॉ जावेद ने क्षेत्र में स्वास्थ्य संबंधी सुविधाओं की बेहतरी को सिविल सर्जन से प्राप्त दिशा निर्देश को महत्वपूर्ण बताया। उन्होंने कहा आम लोगों को बेहतर सेवा उपलब्ध कराने का लगातार प्रयास किया जा रहा है। सुदूरवर्ती इलाके के लोगों तक जरूरी स्वास्थ्य सुविधा पहुंचाने में उन्होंने एएनएम कार्यकर्ताओं की भूमिका को महत्वपूर्ण बताया। उन्होंने कहा कि कर्मियों के सामूहिक प्रयास से पीएचसी द्वारा कोरोना टीकाकरण सहित अन्य महत्वपूर्ण स्वास्थ्य योजनाओं को सफलता पूर्वक क्रियान्वित किया जा रहा है।
बेहतर कार्य के लिये पुरस्कृत होंगे कर्मी :
डीपीएम स्वास्थ्य ने बताया कि आगामी तीन माह के दौरान सुरक्षित प्रसव संबंधी मामलों में 20 प्रतिशत बढ़ोत्तरी का निर्देश जिलाधिकारी से प्राप्त है। इसे लेकर जरूरी प्रयास किये जा रहे हैं। बैठक के संबंध में उन्होंने बताया कि प्रति एक हजार आबादी पर 33 एएनसी जांच सुनिश्चित कराने का निर्देश कर्मियों को दिया गया है। इतना ही नहीं एक प्रतिरक्षण कार्य दिवस पर 21 एएनसी व दो हाई रिस्क प्रिगनेंसी को चिह्नित करने का लक्ष्य कर्मियों को दिया गया है। उन्होंने कहा कि आगामी तीन माह के दौरान लक्ष्य अनुरूप बेहतर उपलब्धि के लिये एएनएम को जिलास्तर पर सम्मानित किया जायेगा। इतना ही नहीं प्रखंड स्तर पर बेहतर कार्य के लिये तीन एएनएम व आशा को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किये जाने की जानकारी उन्होंने दी।
