पटना, (न्यूज़ क्राइम 24) बिहार पटना भारतीय जनता पार्टी की नई मूल टीम के गठन की घोषणा के बाद बुनकर समाज के कार्यकर्ताओं और नेताओं में निराशा का माहौल देखने को मिल रहा है। भाजपा बुनकर प्रकोष्ठ के प्रदेश सोशल मीडिया प्रभारी मंजीत आर्या तांती ने गहरी चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि पार्टी की नई मूल टीम में बुनकर समाज के एक भी नेता को स्थान नहीं दिया जाना समाज की भावनाओं को आहत करने वाला निर्णय है।
उन्होंने कहा कि बुनकर समाज वर्षों से भारतीय जनता पार्टी की विचारधारा को जन-जन तक पहुंचाने का कार्य करता आ रहा है। बूथ स्तर से लेकर प्रदेश स्तर तक समाज के हजारों कार्यकर्ता पूरी निष्ठा और समर्पण के साथ संगठन को मजबूत करने में लगे हुए हैं। चुनाव के समय बुनकर समाज के कार्यकर्ता दिन-रात मेहनत कर पार्टी को मजबूत करने का कार्य करते हैं, लेकिन जब संगठन में प्रतिनिधित्व देने की बात आती है तो समाज की लगातार अनदेखी की जाती है।
मंजीत आर्या तांती ने कहा कि बुनकर समाज केवल एक सामाजिक वर्ग नहीं बल्कि देश की सांस्कृतिक और आर्थिक पहचान का महत्वपूर्ण हिस्सा है। सदियों से यह समाज अपने श्रम, कला और मेहनत के बल पर देश की परंपरा को आगे बढ़ाता आया है। इसके बावजूद संगठन की मुख्य टीम में समाज को स्थान नहीं मिलना यह दर्शाता है कि समाज की भागीदारी को गंभीरता से नहीं लिया गया।उन्होंने कहा कि भारतीय जनता पार्टी हमेशा “सबका साथ, सबका विकास और सबका विश्वास” की बात करती है। ऐसे में बुनकर समाज के नेताओं और कार्यकर्ताओं को मूल टीम में प्रतिनिधित्व नहीं मिलना कई सवाल खड़े करता है।
समाज के युवा कार्यकर्ताओं में यह भावना बढ़ रही है कि उनकी मेहनत और समर्पण को उचित सम्मान नहीं मिल रहा है।मंजीत आर्या तांती ने स्पष्ट रूप से कहा कि बुनकर समाज ने हमेशा राष्ट्रहित और संगठनहित को सर्वोपरि रखा है। समाज के लोगों ने हर परिस्थिति में पार्टी के साथ मजबूती से खड़े होकर कार्य किया है। चाहे संगठनात्मक कार्यक्रम हो, चुनावी अभियान हो या जनसंपर्क अभियान बुनकर समाज ने हर मोर्चे पर अपनी जिम्मेदारी निभाई है। इसके बावजूद समाज को मूल टीम में स्थान नहीं देना अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण है।
उन्होंने पार्टी नेतृत्व से आग्रह किया कि भविष्य में संगठन के विस्तार और विभिन्न महत्वपूर्ण जिम्मेदारियों में बुनकर समाज के योग्य, समर्पित और संघर्षशील कार्यकर्ताओं को उचित प्रतिनिधित्व दिया जाए। समाज की भागीदारी के बिना संगठन को और अधिक मजबूत बनाना संभव नहीं है। उन्होंने कहा कि बुनकर समाज किसी पद या सम्मान की राजनीति नहीं करता, बल्कि संगठन और राष्ट्र निर्माण की भावना के साथ कार्य करता है। लेकिन समाज के समर्पित कार्यकर्ताओं का मनोबल बनाए रखने के लिए उचित प्रतिनिधित्व आवश्यक है। यदि समाज के लोगों को लगातार नजरअंदाज किया जाएगा तो इससे कार्यकर्ताओं में निराशा बढ़ेगी।
मंजीत आर्या तांती ने कहा कि बुनकर समाज आज भी भारतीय जनता पार्टी और उसकी राष्ट्रवादी विचारधारा के साथ मजबूती से खड़ा है। समाज के लोग प्रधानमंत्री श्री Narendra Modi जी के नेतृत्व में देश के विकास और आत्मनिर्भर भारत के संकल्प को आगे बढ़ाने के लिए निरंतर कार्य कर रहे हैं। समाज को उम्मीद है कि पार्टी नेतृत्व भविष्य में इस विषय पर गंभीरता से विचार करेगा और बुनकर समाज को उसका सम्मानजनक प्रतिनिधित्व अवश्य मिलेगा।
