पटना, अजीत कुमार। नियाज़ नेशनल स्कूल एंड जूनियर कॉलेज के सहयोग से अखिल भारतीय मुस्लिम महिला संघ (एआईएमडब्ल्यूए) द्वारा आज प्रिंसिपल्स एंड टीचर्स मीट 2025 का सफल आयोजन किया गया. इस कार्यक्रम में विभिन्न शैक्षणिक संस्थानों के प्रधानाचार्य, शिक्षक, परामर्शदाता और शिक्षाविद शामिल हुए.
बैठक का उद्देश्य शैक्षणिक सहयोग को बढ़ावा देना, शिक्षण अनुभवों का आदान-प्रदान करना और शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार हेतु व्यावहारिक कदमों पर चर्चा करना था. कार्यक्रम की शुरुआत छात्र अब्दुल हादी द्वारा कुरान पाठ से हुई, जिसका अनुवाद मौलाना हिफ़्ज़-उर-रहमान ने किया. तत्पश्चात सुश्री मुनीरा ने स्वागत भाषण दिया.
बैठक में कई महत्वपूर्ण सत्र हुए जिनमें शिक्षा और स्कूल के बीच संबंधों को मजबूत करना (सुश्री सलमा खत्री), संघ का परिचय (सुश्री अफ़ाफ़ लुले), शिक्षण में सुधार के व्यावहारिक तरीके (सुश्री वहीदा सैयद), शिक्षकों का आत्मविकास (श्री रवीश अंसारी), विश्वास से परिवर्तन तक (सुश्री सुबिया लुले), कक्षा के बाहर शिक्षक का प्रभाव (सुश्री लुबना सैयद) और देखभाल, समर्थन व एकता की भावना विकसित करना (सुश्री फरज़ीन चौधरी) जैसे विषय शामिल रहे.
सत्रों में शिक्षकों की क्रांतिकारी भूमिका, उनके व्यावसायिक विकास और समाज व संस्थानों की सामूहिक जिम्मेदारियों पर विचार साझा किए गए. कार्यक्रम का समापन सुश्री महनूर फारूकी के धन्यवाद ज्ञापन के साथ हुआ. उन्होंने वक्ताओं, प्रतिभागियों और आयोजकों की सराहना की.
आयोजकों ने इसे शिक्षकों के बीच सहयोग और आपसी सामंजस्य बढ़ाने का प्रभावी मंच बताया और भिवंडी के शैक्षिक समुदाय के लिए इसे एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर करार दिया.
अखिल भारतीय मुस्लिम महिला संघ (एआईएमडब्ल्यूए) एक सामाजिक व शैक्षणिक संगठन है जो महिलाओं को सशक्त बनाने, शिक्षा को बढ़ावा देने और नैतिक-सामाजिक मूल्यों को स्थापित करने के लिए कार्यरत है.
कार्यक्रम के मुख्य उद्देश्य:
स्कूलों और शिक्षकों के बीच संबंध मजबूत करना.
मूल्य आधारित शिक्षा के महत्व पर बल देना.
शिक्षण की गुणवत्ता में सुधार पर विचार करना.
सहयोग और एकता की भावना को प्रोत्साहित करना.
शिक्षकों की सामाजिक और क्रांतिकारी भूमिका पर प्रकाश डालना
