अररिया(रंजीत ठाकुर): बिहार में पूर्ण शराबबंदी के बावजूद सीमावर्ती क्षेत्रों में शराब की तस्करी थमने का नाम नहीं ले रहा है। क्षेत्र के लोगों की माने तो प्रत्येक दिन सीमावर्ती क्षेत्रों से लाखों रुपए मूल्य की शराब का तस्करी किया जाता है। खासकर खुली सीमा होने के कारण पथराहा एवं घूरना कैंम्प के समीप से ही तस्कर नेपाल से शराब लेकर भारतीय क्षेत्र में आसानी से प्रवेश कर जाता है, और पास के ही ठिकानों से अन्यत्र जगहों पर भेजने में कामयाब हो जाता है। इसी कड़ी में बथनाहा मुख्यालय स्थित मुख्य आरक्षी सुबोध कुमार सिंह के नेतृत्व में गुप्त सूचना के आधार पर बुधवार की रात करीब 9:15 बजे पथराहा कैंप स्थित राजपूत टोला के समीप रात के अंधेरे में छुप कर जवानों के साथ नाका लगा दिया कुछ ही देर बाद नेपाल के तरफ से एक होंडा साइन मोटरसाइकिल लेकर एक व्यक्ति आ रहा था व्यक्ति को आते देख जवानों ने जैसे ही टॉर्च जलाकर रोकने का प्रयास किया कि तस्कर अंधेरे का लाभ उठाकर अपनी मोटरसाइकिल छोड़ मक्के की खेत के तरफ भाग निकला। मोटरसाइकिल को कब्जे में लेकर जांच किया तो बोरी में नेपाल निर्मित दिलवाले नामक 355 बोतल शराब बरामद हुआ। जिसे जप्त कर कागजी खानापूर्ति के बाद आगे की कार्यवाही हेतु फुलकाहा थाना पुलिस को सुपुर्द किया। बथनाहा एसएसबी के इस अभियान में आरक्षी रवि शंकर कुमार,रामप्रवेश सिंह, मुन्ना प्रसाद, गौरी शंकर, मनजीत कुमार आदि जवान शामिल थे। इस बाबत स्थानीय लोग बताते हैं कि पथराहा एसएसबी कैंप होने के बावजूद बथनाहा मुख्यालय से जवानों को आकर तस्करी का शराब को पकड़ना कहीं ना कहीं स्थानीय कैंप के ऊपर सवाल खड़ा होता है।
