बिहार

दो दिनों का कार्डियोलॉजिकल सोसाइटी ऑफ़ इंडिया का कॉन्फ्रेंस कार्डिगन 2023 का समापन

पटना, अजित। पटना के होटल मौर्य में CARDICON-2023 के अंतिम दिन आज भी कई वैज्ञानिक सत्र हुए और देश के कई हिस्सों से आए कार्डियोलॉजिस्ट और कार्डियक सर्जन ने विभिन्न विषयों पर विमर्श किया . इस कार्यक्रम का उद्घाटन मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने शनिवार को किया था.

सेनापन अवसर पर विशेषज्ञों ने एक दूसरे के विचारों को आदान-प्रदान किया.विस्तार से हुए मंथन से कई बातें निकलकर सामने आई. पहले सत्र में बिहार के कार्डियोलॉजिस्ट ने Cath Lab में जटिल Angiography या एंजियोप्लास्टी का वीडियो दिखाए. इसमें डॉक्टर प्रमोद कुमार डॉ बीबी भारती, डॉ अनुपम भमबानी, डॉ अरविंद कुमार, डॉ शमशाद अहमद इत्यादि शामिल रहे. बाद में हैदराबाद से आए डॉ Ashish Sapre ने बच्चों में हृदय में छेद को बिना मेजर सर्जरी के यानी बिना चिरफाड किए हुए डिवाइस से कैसे बंद किया जाता है इसके बारे में विस्तार से बताया.

अपने अध्यक्ष जी ओरेशन presidential oration में CSI बिहार चैप्टर अध्यक्ष डॉ अरविंद कुमार ने खून में फैट यानि वासा के स्तर को कैसे नियंत्रण रखा जाए इसकी नवीनतम जानकारी दी. प्रेसीडेंशियल oration में डॉ ए एन राय, डॉ SK Didwania, डॉ एके झा डॉ निशांत त्रिपाठी मौजूद रहे. और इन्होंने प्रतीक चिन्ह देखकर डॉक्टर अरविंद कुमार को सम्मानित किया. हार्ट रोग के साथ-साथ अगर किडनी में भी समस्या हो जाए और डायबिटीज हो या फिर कैंसर हो जाए इन के इलाज कैसे होते हैं इसके बारे में प्रसिद्ध डायबिटिक स्पेशलिस्ट डॉक्टर अजय कुमार ने नई खोज के बारे में जानकारी दी. बाद में concluding session में cardiological सोसाइटी ऑफ इंडिया बिहार चैप्टर की आम बैठक हुई जिसमें सदस्यों ने कॉन्फ्रेंस की सफलता पर एक दूसरे को बधाई दी.

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आयोजन समिति के अध्यक्ष डॉक्टर KK Barun ने सारे delegates और बाहर से आए जो विशेषज्ञ थे उनका आभार व्यक्त किया. इंदिरा गांधी हृदय रोग संस्थान के निदेशक डॉक्टर सुनील कुमार ने कार्डियोलॉजी के विकास और इंदिरा गांधी हृदय रोग संस्थान को हर संभव सहायता देने के लिए मुख्यमंत्री श्री नीतीश कुमार जी की घोषणा का स्वागत किया. एम्स पटना के कार्डियक सर्जरी के विभाग अध्यक्ष डॉक्टर संजीव कुमार ने बताया कि post Covid era में पूरी दुनिया में cardiomyopathy, Heart attack और sudden Cardiac death की संख्या में वृद्धि हुई है और इसके कारणों को जानने के लिए और रिसर्च की आवश्यकता है

अगले वर्ष कॉन्फ्रेंस का आयोजन पटना में करने का प्रयास किया जाएगा. CARDICON-2023 के ऑर्गेनाइजिंग सेक्रेट्री डॉ अनूप सिंह ने बताया कि इस तरह के कॉन्फ्रेंस से युवा डॉक्टर और practising physicians को देश विदेश में हो रहे हैं नवीनतम तकनीक और उपलब्धि के बारे में जानकारी मिलती है और यह मेडिकल ट्रेनिंग का एक अभिन्न अंग है और इसकी सफलता पर खुशी व्यक्त की. इस फंक्शन में Cardiologists गर्मजोशी से एक दूसरे से मिले और CSI Bihar Chapter को देश के सबसे अच्छे शाखा बनाने का संकल्प लिया।

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