पटनासिटी, रॉबीन राज। राजधानी पटना इन दिनों लगातार बारिश की मार झेल रहा है। पिछले कई दिनों से हो रही झमाझम बारिश ने जनजीवन को पूरी तरह अस्त-व्यस्त कर दिया है। पटना के कई इलाकों में गलियों से लेकर मुख्य सड़कों तक पानी भर गया है। कई जगहों पर जलजमाव की स्थिति इतनी गंभीर हो गई है कि लोगों को घुटनों तक पानी में चलकर आवागमन करना पड़ रहा है। स्थानीय निवासियों का कहना है कि बारिश के कारण घर से निकलना भी मुश्किल हो गया है। बच्चों से लेकर बुजुर्ग तक सभी परेशान हैं।
दुकानदारों और दफ्तर जाने वाले लोगों को भी भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। इस विकट स्थिति का जायजा लेने के लिए मंगलवार को पटनासिटी के मंगल तालाब, चौकशिकारपुर, नालापर, छटंकी पुल समेत अन्य बारिश से प्रभावित क्षेत्र का पटना नगर निगम की महापौर सीता साहू स्वयं सड़कों पर निकलीं और दौरा किया। लेकिन सवाल यह उठता है कि क्या केवल निरीक्षण से समस्या का समाधान संभव है? हालांकि उम्मीद जताई जा रही हैं की महापौर जल निकासी की समस्या से निपटने के लिए आवश्यक कदम उठाएंगी और संबंधित अधिकारियों को त्वरित कार्रवाई के निर्देश दिए जाएंग।
ज्ञात हो की हर वर्ष मानसून से पहले नगर निगम द्वारा जल निकासी को लेकर दावे किए जाते हैं, लेकिन हकीकत में इन दावों की पोल बारिश आते ही खुल जाती है। इस बार भी कुछ ऐसा ही देखने को मिल रहा है। नालों की सफाई नहीं होने, जल निकासी की समुचित व्यवस्था न होने और खराब प्रबंधन के चलते लोग एक बार फिर जल संकट के बीच जीने को मजबूर हैं। स्थानीय नागरिकों ने नगर निगम से मांग की है कि बारिश से पहले ही स्थायी समाधान की दिशा में ठोस कदम उठाए जाएं, ताकि हर साल की यह परेशानी ना झेलनी पड़े।
