अररिया(रंजीत ठाकुर): जिले में खसरा व रूबेला टीकाकरण को लेकर बुधवार से पूरे जिले में विशेष अभियान संचालित किया जायेगा। इसमें वंचित बच्चों को टीकाकृत करने के लिये जरूरी पहल की जायेगी। साथ ही आरआई टीकाकरण मामले में कम आच्छादन वाले चिह्नित स्थानों पर विशेष मुहिम संचालित करते हुए छूट हुए बच्चों को टीका की निर्धारित डोज लगायी जायेगी । इसे लेकर जिले में चिह्नित 326 स्थानों पर विशेष टीकाकरण सत्र संचालित किये जायेंगे। सत्र संचालन को लेकर चिह्नित स्थानों पर स्वास्थ्य मेला आयोजित करते हुए स्थानीय ग्रामीणों को जरूरी स्वास्थ्य सेवाएं भी उपलब्ध करायी जायेगी।
एमआर टीकाकरण से 1648 बच्चे अभी भी वंचित–
जिला प्रतिरक्षण पदाधिकारी डॉ मोईज ने बताया कि खसरा-रूबेला यानी एमआर टीका से वंचित बच्चों के टीकाकरण को लेकर विभागीय स्तर से निरंतर प्रयास किये जा रहे हैं। वंचित बच्चों को चिह्नित करते हुए उनको टीकाकृत किया गया है। सर्वे के आधार पर वंचित 21 हजार 911 बच्चों में 20 हजार 263 बच्चों को टीकाकृत किया जा चुका है। शेष 1648 बच्चे अभी भी टीकाकरण से वंचित हैं। विशेष अभियान में प्राथमिकता के आधार पर उन्हें टीकाकृत किया जाना है। साथ ही आरआई टीकाकरण मामले में कम उपलब्धि वाले चिह्नित स्थानों पर अभियान संचालित कर छूटे बच्चों को टीकाकृत करने की पहल की जानी है।
326 स्थानों पर होगा विशेष टीकाकरण सत्र संचालित –
वंचित बच्चों के टीकाकरण को लेकर जिले के विभिन्न प्रखंडों में चिह्नित 326 स्थानों पर विशेष टीकाकरण सत्र संचालित किया जायेगा। चिह्नित स्थलों पर स्वास्थ्य मेला आयोजित करते हुए स्थानीय ग्रामीणों को जरूरी स्वास्थ्य सेवा उपलब्ध करायी जायेगी । यह जानकारी देते हुए डीआईओ डॉ मोईज ने बताया कि विशेष सत्र संचालन को लेकर अररिया प्रखंड में 45, भरगामा में 43, फारबिसगंज में 41, रानीगंज में 52, सिकटी में 40, जोकीहाट में 26, नरपतगंज में 27, कुर्साकांटा में 16, पलासी प्रखंड में कुल 36 स्थानों को चिह्नित किया गया है।
मोबेलाइजेशन व अनुश्रवण को लेकर विशेष इंतजाम-
सिविल सर्जन डॉ विधानचंद्र सिंह ने बताया कि अभियान की सफलता को लेकर आशा, जीविका दीदी, आंगनबाड़ी सेविका, पीआरआई मेंबर, टोला सेवक, शिक्षा स्वयंसेवी, फेथ लीडर व समुदाय स्तर पर अपना विशेष प्रभाव रखने वाले लोगों से जरूरी मदद ली जायेगी। ताकि अभिभावकों को मोबिलाइज करते वंचित बच्चों को टीकाकृत किया जा सके। उन्होंने कहा कि जिला व प्रखंड स्तरीय अधिकारियों के साथ-साथ विभाग के सहयोगी संस्था के प्रतिनिधियों पर अभियान के निरंतर अनुश्रवण का जिम्मा सौंपा गया है। ताकि हर हाल में अभियान को सफल बनाया जा सके।
