पटना, अजित। राजधानी पटना के रामकृष्ण नगर थाना क्षेत्र में पुलिस ने अंतरराज्यीय साइबर ठगी गिरोह का पर्दाफाश करते हुए 4 साइबर अपराधियों को गिरफ्तार किया है. गिरफ्तार आरोपी किराए के मकान में रहकर लॉटरी और अन्य ऑनलाइन माध्यमों से देशभर के लोगों को ठगी का शिकार बना रहे थे.
इस पूरे मामले की जानकारी नगर पुलिस अधीक्षक पूर्वी परिचय कुमार ने प्रेस वार्ता के दौरान दी. उन्होंने बताया कि रामकृष्ण नगर थाना अंतर्गत शिवनगर जक्खियारपुर इलाके में एक किराए के मकान से साइबर ठगी का संचालन किए जाने की गुप्त सूचना मिली थी. सूचना के आधार पर थानाध्यक्ष के नेतृत्व में छापेमारी की गई, जहां से 4 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया.
छापेमारी के दौरान पुलिस ने 13 मोबाइल फोन बरामद किए हैं, जिनका उपयोग साइबर ठगी के लिए किया जा रहा था. पुलिस के अनुसार आरोपी ईमेल, व्हाट्सएप और टेक्स्ट मैसेज के माध्यम से लोगों से संपर्क कर लॉटरी और अन्य झांसे देकर यूपीआई और बैंक खातों में अवैध रूप से पैसा मंगवाते थे.
प्रारंभिक जांच में लाखों रुपये के लेनदेन के साक्ष्य मिले हैं, हालांकि सटीक राशि की जांच की जा रही है. गिरफ्तार आरोपियों में चिंटू कुमार, निवासी नालंदा जिला, रबिन, निवासी बेंगलुरु कर्नाटक, मधुसूदन रेड्डी, निवासी नारायणपेट जिला कर्नाटक और गोविंद राज शामिल हैं. पुलिस ने बताया कि गिरफ्तार आरोपियों में 3 कर्नाटक के और 1 बिहार का रहने वाला है. नगर पुलिस अधीक्षक पूर्वी ने बताया कि इस गिरोह का मास्टरमाइंड अभी फरार है, जिसने मकान किराए पर लिया था. उसकी गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है।
पुलिस को आशंका है कि यह गिरोह पैन इंडिया स्तर पर साइबर ठगी को अंजाम दे रहा था और बिहार के साथ-साथ अन्य राज्यों के लोगों को भी निशाना बना रहा था। पुलिस सभी आरोपियों को रिमांड पर लेकर पूछताछ करेगी ताकि नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों, खातों और तकनीकी पहलुओं की जानकारी जुटाई जा सके। इस मामले में कर्नाटक पुलिस से भी सहयोग लिया जाएगा। पुलिस ने मकान मालिकों से अपील की है कि किराएदारों का सत्यापन अनिवार्य रूप से कराएं और इसकी सूचना थाने में दें, ताकि इस तरह के अपराधों पर रोक लगाई जा सके।
