शराब को लेकर हिनू महाजन ने शराब के ठेके बंद करने के लिए छिड़ी जंग

 शराब को लेकर हिनू महाजन ने शराब के ठेके बंद करने के लिए छिड़ी जंग

दिल्ली(न्यूज़ क्राइम24): अशोक नगर स्थित हनुमान मंदिर के सामने शराब के ठेका खोलने को लेकर स्थानीय जनता द्वारा लगातार विरोध किया जा रहा है वहा के आसपास में महिला दुकानदारों को काफी दिक्कत का सामना करना पड़ रहा है जिससे जनता के बीच आक्रोश देखने को मिल रहा है। महिलाओं एवं दिल्ली की जनता की सुरक्षा के बारे में किया गया मुख्यमंत्री जी का वादा फेल होता नज़र आ रहा है, जबकि माननीय न्यायालय द्वारा

किसी भी धार्मिक स्थल एवं स्कूल कॉलेज के पास शराब का ठेका वर्जित है। 100 गज दूरी तक शराब का ठेका खोलना मना है। माननीय न्यायालय का आदेश है, फिर भी नजर अंदाज किया जा रहा है और शराब का ठेका खोला जा रहा है, जहाँ बहुत पुराना हनुमान मंदिर है और अन्य तीन मंदिर भी स्थित है एवं स्कूल भी है। शराब का ठेका जब खुलेगा तो फिर क्या क्या वहां के लोगों को झेलने पड़ेगा । शराब के ठेके के खुलने से वहां की महिला दुकानदार में काफी ख़ौफ़,डर है।वहां के लोगों का कहना था कि जीना मुश्किल हो जाएगा। हमारी महिलाएं, बच्चों एवं बुजुर्गों का घर से बाहर निकलना मुश्किल हो जाएगा। चारों तरफ हिंसा ही हिंसा होगी और अपराधों से निपटना मुश्किल हो जाएगा। जिसको लेकर लगातार समाज सेवी हिनू महाजन एडवोकेट एवं प्रवक्ता, महिला मोर्चा, दिल्ली प्रदेश, ने महिला से मिलने पर वहां के लोगो का जीवन बर्बाद न हो इसके लिए शराब के ठेकों का कड़ा विरोध प्रकट किया और महिलाओं के साथ मिलकर इस लड़ाई में एक जुट किया। सभी महिलाओं ने हिनू महाजन के साथ यह प्रण लिया कि वह मरती मर जाएंगे मगर दिल्ली को नशे की राजधानी नहीं बनने देंगी। वह युवाओं को नशे की दलदल में नहीं जाने देंगी।

हिनू महाजन हर बस्ती में समाज के लिये हर समय समर्पित है। वह जनता की समस्याओं को निपटाने के लिये लोगो के बीच अपना समय देती है और हर बुराई का विरोध करती हैं ताकि समाज का उत्थान हो सके। जहां एक तरफ दिल्ली शहर जैसे व्यस्त जीवन मे हर लोग अपना रोजी रोटी में लगे रहते है वहां दूसरी तरफ ऐसे हिम्मत, जोश के साथ, अपना जीवन समाज के बीच समर्पित कर रही हैं।आज हिनू महाजन जैसा होना बड़ा मुश्किल है जो एक महिला होकर भी दिल्ली कि हर बुराई का सामना डटकर कर रही हैं। दिल्ली की जनता के लिये बहुत ही गर्व की बात है। अगर इनके साथ दिल्ली की महिलाएं कदम से कदम मिलाकर चले तो दिल्ली नशे की राजधानी बनने से जरूर बच जाएगा। हिनू महाजन जैसी समाज सेवी महिला होना भी एक अजूबा है जिनकी सोच से लगता है कि ऐसी महिला होना दिल्ली के लिए एक वरदान है।

न्यूज़ क्राइम 24 संवाददाता

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