पटना(न्यूज क्राइम 24): बिहार की नीतिश सरकार के द्वारा किसी सिख चेहरे को अल्पसंख्यक आयोग में स्थान ना देने को लेकर बिहार के सिखों में काफी रोष देखने को मिल रहा है। तख्त पटना साहिब कमेटी के वरिष्ठ उपाध्यक्ष लखविन्दर सिंह, महासचिव इन्द्रजीत सिंह, उपाध्यक्ष गुरविन्दर सिंह के द्वारा इस पर तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त की गई है। उनका कहना है कि बिहार जहां सिखों का महान तख्त सुशोभित हो, गुरु गोबिन्द सिंह जी की जन्म स्थली और वहां पर सिख समुदाय की अनदेखी कर नितिश सरकार किस समुदाय को खुश करना चाहती थी
यां फिर इसके पीछे केवल वोट बैंक की राजनीति ने काम किया क्योंकि 2024 में लोकसभा के चुनाव हैं और ऐसे में सरकार की मंशा इसके सहारे किसी अन्य समुदाय के लोगों को प्रसन्न करने की रही होगी। भाजपा सरकार में माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी नेतृत्व में जितना मान समान सिखों को मिला कोई अन्य पार्टियों में नहीं मिला
उपाध्यक्ष गुरविन्दर सिंह ने कहा एक ओर भाजपा पार्टी है जिसने राष्ट्रीय अल्पसंख्यक आयोग में सिख समुदाय को बतौर चेयरमैन नियुक्ति किया हुआ है और दूसरी ओर नितिश सरकार पूरी तरह से सिखों की अनदेखी कर रही है जो कि किसी भी तरह से सही नहीं है। बिहार सिख गुरुद्वारा कमेटी के अध्यक्ष सूरज सिंह नलवा, त्रिलोक सिंह निषाद, गुरदयाल सिंह, मनप्रीत सिंह सहित अन्य कई सिखों के द्वारा इस पर रोष व्यक्त किया गया है।
