बिहार

किसी भी रूप में तंबाकू का सेवन मानव स्वास्थ्य के लिये खतरनाक

अररिया, रंजीत ठाकुर विश्व तंबाकू निषेध दिवस के मौके पर शुक्रवार को जिले के सभी स्वासथ्य संस्थानों में जागरूकता संबंधी कई कार्यक्रम आयोजित किये गये हैं। इस दौरान स्वास्थ्य कर्मियों ने तंबाकू सेवन से परहेज करते हुए इसके दुष्प्रभावों के प्रति आम लोगों को जागरूक करने का संकल्प लिया। वहीं विभिन्न संस्थानों द्वारा जागरूकता रैली, पेटिंग सहित अन्य गतिविधियों के माध्यम समुदाय को तंबाकू सेवन के दुष्प्रभाव के प्रति जागरूक करते इससे दूरी बनाये रखने के लिये प्रेरित किया गया। इसे लेकर सदर अस्पताल में आयोजित कार्यक्रम के दौरान सिविल सर्जन की अगुआई में अस्पताल के सभी चिकित्सक, स्वास्थ्य अधिकारी व कर्मियों ने तंबाकू सेवन से दूरी बनाये रखने व दूसरों को भी इसके लिये प्रेरित करने की शपथ ली।

कार्यक्रम में सिविल सर्जन सहित अस्पताल के प्रभारी अधीक्षक डॉ आकाश कुमार, चिकित्सा अधिकारी डॉ राजेश कुमार, डीपीएम संतोष कुमार, अस्पताल प्रबंधक विकास आनंद सहित अन्य स्वास्थ्य अधिकारी व कर्मी शामिल थे। कार्यक्रम के सफल आयोजन में साइकोलॉजिस्ट शुभम कुमार, कैंसर ओपीडी की डॉ शाइना आलम, स्टाफ नर्स भवानी भारती, धनप्रेस व एफएलसी प्रभारत कुमार ने अपनी सक्रिय भागीदारी निभाई। मौके पर एएनएम कॉलेज फारबिसगंज की छात्राओं द्वारा पोस्टर रैली निकाली गयी। वहीं मंडल कारा के पर्यवेक्षण गृह में जागरूकता संबंधी कार्यक्रम आयोजित किये गये। इसके अतिरिक्त जिले के सभी स्वास्थ्य संस्थानों में प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी की अगुआई में शपथ ग्रहण सहित जागरूकता संबंधी अन्य कार्यक्रमों का आयोजन किया गया।


तंबाकू सेवन के दुष्प्रभाव के प्रति जागरूकता जरूरी

सिविल सर्जन डॉ विधानचंद्र सिंह ने बताया किसी भी रूप में तंबाकू का सेवन मानव स्वास्थ्य के लिये खतरनाक है। कम उम्र के बच्चे व युवाओं में तंबाकू सेवन का बढ़ता चलन चिंताजनक है। हमारी युवा पीढ़ी को इसके दुष्प्रभाव से बचाने के लिये सामूहिक पहल की जरूरत है। उन्होंने कहा कि तंबाकू सेवन के दुष्प्रभावों के प्रति आम लोगों को जागरूक करते हुए तंबाकू मुक्त समाज का निर्माण हमारा मुख्य उद्देश्य व लक्ष्य होना चाहिये।

Advertisements
Ad 1

तंबाकू सेवन जनस्वास्थ्य के लिये बड़ी चुनौती


डीपीएम संतोष कुमार ने कहा तंबाकू सेवन जन स्वास्थ्य के चुनौतियां पैदा कर रहा है। बिहार में करीब 25।9 फीसदी लोग किसी न किसी रूप में तंबाकू का सेवन करते हैं। इसमें 23।5 फीसदी लोग पान मसाला, जर्दा, खैनी, 4।2 फीसदी लोग बीडी व 0।9 फीसदी लोग सिगरेट का सेवन करते हैं। उन्होंने कहा कि किसी भी रूप में तंबाकू उत्पाद का सेवन स्वास्थ्य संबंधी गंभीर जटिलता व चुनौती पैदा कर सकता है। लिहाजा इससे दूरी बनाये रखने की जरूरत है।

तंबाकू मुक्त समाज निर्माण को लेकर पहल जरूरी


सदर अस्पताल के वरीय चिकित्सक डॉ राजेश कुमार ने बताया कि तंबाकू का सेवन मूंह के कैंसर की मुख्य वजह है। जिले में इससे संबंधित मामले तेजी से बढ़ रहे हैं। हमें तंबाकू सेवन के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक होना होगा। ताकि कैंसर सहित तंबाकू के कारण होने वाले अन्य रोगों से हमारा बचाव संभव हो सके। सदर अस्पताल के प्रभारी अधीक्षक डॉ आकाश कुमार ने कहा कि तंबाकू का सेवन हमारी भावी पीढ़ी को बर्बाद कर रहा है। हमें सामूहिक सहभागिता के साथ तंबाकू मुक्त समाज के निर्माण को लेकर जरूरी पहल करने की जरूरत है।

Related posts

मां कामाख्या दर्शन से इच्छाओं की पूर्ति होता है

भदौर थाना का एसपी ग्रामीण ने किया निरीक्षण, लंबित कांडों की समीक्षा

राहुल गांधी का संसद के मकर द्वार पर पिकनिक मनाना सदन और संसदीय मर्यादाओं का उल्लंघन : गुरु प्रकाश

error: