बिहार

बिहार पर कोहरे की चादर और सर्दी का सितम, पटना सहित कई जिलों में हालात और बिगड़ने के संकेत

पटना, (न्यूज़ क्राइम 24) राजधानी पटना समेत पूरे बिहार में कड़ाके की सर्दी ने दस्तक दे दी है और आने वाले दिनों में ठंड का असर और तेज होने के संकेत हैं. ठंडी पछुआ हवा, अधिक नमी और कमजोर पश्चिमी विक्षोभ के संयुक्त प्रभाव से राज्य भर में घना से अति घना कोहरा छाया हुआ है. गुरुवार सुबह से ही पटना में घना कोहरा देखने को मिला और दिनभर सूरज बादलों व कोहरे की ओट में छिपा रहा, जिससे दृश्यता बेहद कम रही और सड़क, रेल व हवाई यातायात प्रभावित हुआ।

मौसम विज्ञान केंद्र, पटना के अनुसार पिछले 24 घंटों के दौरान राज्य का मौसम शुष्क बना रहा. बिहार का अधिकतम तापमान 21.4 से 28.2 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 9.9 से 15.2 डिग्री सेल्सियस के बीच दर्ज किया गया. गया और भागलपुर में दृश्यता घटकर 50 मीटर तक पहुंच गई, जिससे सुबह के समय आवागमन मुश्किल रहा। मौसम विभाग ने 18 से 22 दिसंबर 2025 तक राज्य के पश्चिमी, मध्य और पूर्वी हिस्सों में घना से अति घना कोहरा छाए रहने की चेतावनी जारी की है. अगले 4 से 5 दिनों तक तापमान में किसी बड़े बदलाव की संभावना नहीं है, जिससे ठंड का असर लगातार बना रहेगा.

पटना में अचानक बढ़ी ठंड के कारण शाम ढलने से पहले ही अंधेरा छा गया और बाजारों में जल्दी सन्नाटा पसर गया. शहर से लेकर ग्रामीण इलाकों तक लोग पहाड़ी क्षेत्रों जैसी ठंड महसूस कर रहे हैं और शाम होते ही लोग घरों में सिमटते नजर आए।

मौसम विभाग के अनुसार 19 और 20 दिसंबर को पटना में सुबह के समय हल्का से मध्यम कोहरा छाने की संभावना है और न्यूनतम तापमान 8 से 10 डिग्री सेल्सियस के आसपास रह सकता है. हवा की रफ्तार धीमी रहने से प्रदूषण बढ़ने की भी आशंका जताई गई है. वहीं 21 और 22 दिसंबर को पटना और आसपास के इलाकों में घना कोहरा छाने को लेकर येलो अलर्ट जारी किया गया है.

Advertisements
Ad 1

मौसम विभाग ने लोगों से अपील की है कि वे कोहरे और ठंड के दौरान सतर्क रहें, वाहन चलाते समय फॉग लाइट का प्रयोग करें और अनावश्यक यात्रा से बचें। पटना, फुलवारीशरीफ पटना सिटी, दानापुर, खगौल सहित पूरे बिहार के विभिन्न जिलों में गुरुवार को कड़ाके की ठंड का व्यापक असर देखने को मिला. सुबह से ही घने कोहरे और सर्द हवा के कारण जनजीवन पूरी तरह प्रभावित रहा और लोग आवश्यक कामों को छोड़कर अपने-अपने घरों में दुबके नजर आए।

ठंड से बचने के लिए लोग सिर से पैर तक गर्म कपड़ों में लिपटे हुए ही बाहर निकले. दोपहर में भी ठंड का असर कम नहीं हुआ और दफ्तरों, दुकानों, चौक-चौराहों तथा कामकाजी स्थलों पर अलाव जलाते लोग दिखे. मजदूर, ठेला-खोमचा चलाने वाले और राहगीर आग के सहारे खुद को ठंड से बचाने की कोशिश करते रहे। शहर से लेकर गांव तक ठंड ने लोगों की दिनचर्या बदल दी. बाजारों में रौनक जरूर रही, लेकिन वह ठंड से बचाव से जुड़ी जरूरतों तक ही सीमित रही. गर्म कपड़े, स्वेटर, जैकेट, टोपी, मफलर और कंबल की दुकानों पर जोरदार भीड़ उमड़ी और दिनभर अच्छी बिक्री होती रही।

शाम ढलने से पहले ही कोहरे और ठंड ने शहर और ग्रामीण इलाकों को अपनी गिरफ्त में ले लिया. अंधेरा जल्दी छा जाने से बाजारों में सन्नाटा पसर गया और लोग समय से पहले घर लौटते नजर आए. सड़कों पर आवाजाही कम रही और चौक-चौराहों पर भी भीड़ घट गई. गुरुवार को पटना सहित पूरे बिहार में ठंड ने जनजीवन की रफ्तार धीमी कर दी और आने वाले दिनों में सर्दी के और तेज होने की आशंका ने लोगों की चिंता बढ़ा दी है।

Related posts

राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन, लोगों को जागरूक करने के लिए प्रचार रथ रवाना कर किया गया

मुख्यमंत्री ने जिले में चल रही विभिन्न विकासात्मक योजनाओं का लिया जायजा

समृद्धि यात्रा के दौरान सुपौल जिले में चल रही विकास योजनाओं की समीक्षा की : मुख्यमंत्री

error: