फुलवारीशरीफ, अजित। पटना जिलान्तर्गत संपतचक प्रखंड के भोगीपुर (एकतापुरम) में आज “छोड़ो शराब–पकड़ो किताब” अभियान के समर्थन में विद्यार्थी चिंतन–संकल्प कार्यक्रम अत्यंत उत्साह और सकारात्मक संदेश के साथ संपन्न हुआ।
देश की प्रथम महिला शिक्षिका एवं समाज सुधारक सावित्रीबाई फुले के आदर्शों से प्रेरित संगठन “मिशन नौनिहाल सम्मान” के तत्वावधान में आयोजित यह कार्यक्रम ग्रामीण क्षेत्रों में शिक्षा, जागरूकता और सामाजिक सशक्तिकरण को नई दिशा देने वाला साबित हुआ।
कार्यक्रम में उपेक्षित एवं वंचित समाज के बच्चों ने बड़ी संख्या में भाग लिया। उन्होंने न केवल शराबबंदी के समर्थन में जोरदार नारे लगाए, बल्कि नशामुक्त समाज के निर्माण के लिए एकजुट होकर संकल्प भी लिया। सामाजिक कार्यकर्ता बिनेश पासवान ने कहा, “शिक्षा केवल पुस्तकों तक सीमित नहीं है। यह सामाजिक बदलाव और सशक्तिकरण का सबसे बड़ा साधन है। जब बच्चे पढ़ेंगे और जागरूक होंगे, तभी समाज वास्तविक रूप से नशामुक्त, समानतामूलक और सशक्त बन सकेगा।”
कार्यक्रम का शुभारंभ सावित्रीबाई फुले एवं बाबा साहब डॉ. भीमराव अंबेडकर के चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित करके किया गया। इस अवसर पर बच्चों के बीच निःशुल्क पठन–पाठन सामग्री का वितरण भी किया गया।
कार्यक्रम में नि:शुल्क कोचिंग देने वाली तृषा कुमारी पासवान, मिन्ता कुमारी पासवान, अनिषा कुमारी, तान्या कुमारी, स्वीटी कुमारी, शिल्पी कुमारी, रंजीत कुमार, राज कुमार, आकांक्षा कुमारी, रिसु कुमारी, सुन्दरी कुमारी, मोनी कुमारी सहित अनेक छात्र-छात्राओं ने भाग लिया। अभिभावकों में बबीता देवी, पिंकी देवी, लालमोहन पासवान, हीरा पासवान, पेड़ा पासवान, शुशीला देवी, मनोज पासवान आदि मौजूद रहे। सभी ने सामाजिक समरसता, नशा मुक्ति और शिक्षा को प्राथमिकता बनाने का संकल्प लिया। यह आयोजन न केवल शराबबंदी का समर्थन था, बल्कि भविष्य की पीढ़ी को शिक्षित, जागरूक और आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में एक सशक्त कदम भी साबित हुआ।
