अररिया(रंजीत ठाकुर): नवाबगंज पंचायत स्थित 65 वर्ष पूर्व अतिरिक्त प्राथमिक उपस्वास्थ केंद्र फुलकाहा में बने आज भी अपने बदहाली पर आंसू बहा रही हैं। जिसको देखने वाला न ही कोई पदाधिकारी हैं और न ही कोई जनप्रतिनिधि, इस सीमावर्ती क्षेत्र में एकमात्र बरसों पुराना अस्पताल होने के बावजूद आज तक अस्पताल का विकास नहीं हो पाया है। स्थानीय लोग बताते हैं कि सीमावर्ती क्षेत्र में आजादी के समय का यह अस्पताल क्षेत्र के लोगों के लिए शोभा का वस्तु बनकर रह गया है। इस अस्पताल में डॉक्टर और नर्सो को रहने के लिए भवन भी नही है।मरीजों की बैठने का समुचित व्यवस्था भी नहीं है।वहीं मरीज का भी इलाज खुले आसमान में किया जाता है। जबकि अस्पताल के पास कुल 1 एकड़ 25 डिसमिल जमीन अपना है। बताते चलें कि विगत शनिवार को जिला पदाधिकारी अररिया,प्रशांत कुमार सीएच क्षेत्र में विकास कार्यों की औचक निरीक्षण करने कुनकुन देवी उच्च विद्यालय प्लस टू के प्रांगण में आए हुए थे, उसी दौरान 15 वर्षों से अर्ध निर्मित अस्पताल भवन निर्माण को लेकर स्थानीय युवाओं के द्वारा बताया गया, युवाओं की बात सुनने के बाद जिला पदाधिकारी ने कहा कि जांच करवाते हैं जल्द से जल्द भवन निर्माण कार्य पूर्ण कर दिया जाएगा, अस्पताल में समुचित व्यवस्था भी किया जाएगा।वहीं स्थानीय लोग अब जिला पदाधिकारी अररिया से अस्पताल निर्माण को लेकर उम्मीद लगाए हुए हैं।
