बिहार

सावन की पहली सोमवारी पर मंदिरों में जलाभिषेक करने में कोरोना पर आस्था भारी

फुलवारीशरीफ(अजित यादव): यह दुसरा मौका है जब सावन की पहली सोमवारी पर कोरोना के खौफ को भूलकर लोग शिवालयों और मंदिरों में बाबा भोले बम के जयकारे लगाते जलाभिषेक करते नजर आए। कोरोना वायरस पर सोमवार को शिव भक्तों की आस्था भारी पड़ी। महिला श्रद्धालुओं ने कहा कि कोरोना महामारी से निजात दिलाने के लिए भी महादेव के दरबार मे जल ढाढ़ कर अर्जी लगाई जा रही है। भोले नाथ सारा दुख संकट व कष्ट खुद पीकर सृष्टि प्रकृति और सम्पूर्ण मानव जाति को कोरोना से मुक्ति दिलाएंगे.

Advertisements
Ad 1

प्रतिबंध के बावजूद सभी प्रमुख मंदिरों व शिवालयों में शिव भक्तों की भीड़ को नियंत्रित किया जाता रहा । प्रशासन के लोग एक एक कर जल चढ़ाने की अपील करते रहे जबकि ग्रामीण इलाके में मंदिरों में कोरोना का कोई खौफ नही दिखा ।ग्रामीण इलाक़े में न मास्क, ना सोशल डिस्टेंसिंग का पालन हुआ। श्रद्धालु बेखौफ मंदिरों में भगवान शिव की प्रतिमा, शिवलिंग व गर्भगृह में जलाभिषेक करते रहे। इस कारण पूरे दिन सोमवार को मंदिर व शिवालयों के घंट गूंजते रहे। राजधानी पटना के फुलवारी शरीफ संपतचक जानीपुर परसा बाजार गौरीचक बेलदारी चक रामकृष्णा नगर अनीसाबाद बेउर समेत शहरी व ग्रामीण इलाकों के शिव मंदिरों में सुबह से ही महिला श्रद्धालु भोलेनाथ को प्रसन्न करने के लिए पूजा अर्चना कर रही हैं. वहीं इस बार कोरोना महामारी से निजात दिलाने के लिए महादेव से प्रार्थना भी की जा रही हैं. वैसे तो पूरा सावन माह ही बहुत पवित्र माना जाता है, लेकिन सावन माह के सोमवार का विशेष महत्व है. कहा जाता है कि सावन का सोमवार भगवान शिव को बेहद पसंद हैं. इस बार सावन में 4 सोमवार पड़ रहे हैं हालांकि प्रशासन द्वारा श्रावणी मेला पर कांवर यात्रा, जलाभिषेक आदि पर प्रतिबंध लगाया गया है। लेकिन इसकी परवाह किए बिना लोग सावन की पहली सोमवारी को मंदिर व शिवालयों में श्रद्धा के साथ भगवान शिव के दर्शन किए।

Related posts

बिहार में डिजिटल क्रांति की ओर बड़ा कदम : बिहटा में ₹50.75 करोड़ का न्यू मीडिया और डेटा हब बनेगा

साम्प्रदायिक शक्तियों के सामने लालू जी नहीं झूके तो उनका बेटा तेजस्वी को भी कोई नहीं झुका सकता है : तेजस्वी प्रसाद यादव

सहायक शिक्षा विकास पदाधिकारी प्रतियोगिता परीक्षा को लेकर प्रशासन अलर्ट, सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम

error: