ऑनलाइन मीट-अप आयोजित, विशेषज्ञों ने डिजिटल कनेक्टिविटी और साइबर जागरूकता पर दिया जोर

&NewLine;<p><&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p><&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p><strong>बिलासपुर&comma; à¤†à¤¶à¥€à¤· रंजन &colon;<&sol;strong> विश्व दूरसंचार एवं सूचना समाज दिवस 2026 के अवसर पर अटल बिहारी वाजपेयी ट्रस्ट अभाव फाउंडेशन&comma; बिलासपुर द्वारा रविवार को एक विशेष ऑनलाइन मीट-अप का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य डिजिटल युग में संचार तकनीक&comma; साइबर सुरक्षा&comma; सूचना जागरूकता और सामाजिक विकास में तकनीक की भूमिका पर जनजागरूकता बढ़ाना था।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>देशभर से शिक्षाविद&comma; साइबर सुरक्षा विशेषज्ञ&comma; विधि विशेषज्ञ&comma; सामाजिक कार्यकर्ता और युवा नेतृत्वकर्ताओं ने इसमें भाग लिया। कार्यक्रम का संचालन जबलपुर के निकुंज उपाध्याय ने किया।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p><strong>मुख्य बिंदु&colon;<&sol;strong><&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<ul class&equals;"wp-block-list">&NewLine;<li>अहमदाबाद से राजनी वर्मा ने एविएशन और आधुनिक संचार तकनीकों के बदलते स्वरूप पर चर्चा की।<&sol;li>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<li>तनुश्री सक्सेना ने साइबर कानून&comma; डेटा प्रोटेक्शन और डिजिटल प्राइवेसी पर जानकारी देते हुए युवाओं को साइबर सुरक्षा के प्रति सतर्क रहने का संदेश दिया।<&sol;li>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<li>डॉ&period; शुभमंगला सुनील ने डिजिटल प्लेटफॉर्म के सुरक्षित उपयोग&comma; साइबर अपराधों से बचाव और राष्ट्रीय सुरक्षा में साइबर जागरूकता की भूमिका पर विस्तार से बात रखी।<&sol;li>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<li>प्रो&period; डॉ&period; एन&period; गंगा विद्या ने शिक्षा&comma; शोध और सामाजिक विकास में सूचना प्रौद्योगिकी के बढ़ते प्रभाव पर जोर दिया।<&sol;li>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<li>डॉ&period; विवेक कुमार ने युवाओं में डिजिटल नेतृत्व और सकारात्मक ऑनलाइन सहभागिता की जरूरत बताई।<&sol;li>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<li>प्रो&period; डॉ&period; दीवांशु श्रीवास्तव ने कानून&comma; तकनीक और सूचना अधिकार के समन्वय पर विचार रखे।<&sol;li>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<li>केरल से आदर्श पी कुमार ने सतत विकास और पर्यावरण संरक्षण में तकनीकी नवाचार की भूमिका पर चर्चा की।<&sol;li>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<li>प्रवीण सिंह ने युवाओं के नेतृत्व और सामाजिक परिवर्तन में डिजिटल प्लेटफॉर्म की उपयोगिता पर प्रकाश डाला।<&sol;li>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<li>नई दिल्ली से डायना चिंगाखम और एडवोकेट सुनीता शर्मा ने महिला सुरक्षा और डिजिटल जागरूकता पर बात की।<&sol;li>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<li>कोलकाता से हेलोएस गुप्ता ने सूचना तकनीक के जरिए सामाजिक समन्वय बढ़ाने पर जोर दिया।<&sol;li>&NewLine;<&sol;ul>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>सभी वक्ताओं ने 5-10 मिनट के संबोधन में डिजिटल युग में सुरक्षित&comma; जिम्मेदार और सकारात्मक तकनीकी उपयोग को समय की मांग बताया। प्रतिभागियों ने इसे प्रेरणादायक और ज्ञानवर्धक बताया।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>आयोजकों ने अंत में सभी अतिथियों&comma; वक्ताओं और प्रतिभागियों का आभार जताया।<&sol;p>&NewLine;

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