फर्जी व्हाट्सएप प्रोफाइल बनाकर E.D. के नाम पर वसूली की साजिश, दो गिरफ्तार!

&NewLine;<p><&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p><strong>पटना&comma; &lpar;न्यूज़ क्राइम 24&rpar;<&sol;strong> राज्य आर्थिक अपराध इकाई &lpar;EOU&rpar;&comma; बिहार ने पटना में एक बड़ी कार्रवाई करते हुए दो शातिर ठगों को गिरफ्तार किया है&comma; जो फर्जी व्हाट्सएप अकाउंट के माध्यम से लोगों से वसूली कर रहे थे। यह गिरोह खुद को वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी व प्रवर्तन निदेशालय &lpar;E&period;D&period;&rpar; के निदेशक के रूप में परिचित करवाकर आम लोगों से लाखों रुपये की मांग करता था।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>प्राप्त जानकारी के अनुसार&comma; यह मामला उस समय उजागर हुआ जब पटना स्थित एक निजी अस्पताल के चिकित्सक को एक अज्ञात मोबाइल नंबर से व्हाट्सएप मैसेज मिला&comma; जिसमें स्वयं को भारतीय प्रशासनिक सेवा का अधिकारी और वर्तमान में E&period;D&period; का प्रवर्तन निदेशक बताया गया। आरोपी ने E&period;D&period; की कार्रवाई से बचाने के नाम पर चिकित्सक से लाखों रुपये की मांग की थी।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>आर्थिक अपराध इकाई ने इस शिकायत के बाद तत्काल संज्ञान लेते हुए जांच प्रारंभ की और 2 मई को दो आरोपियों – राजेश कुमार एवं रंजीत कुमार को गिरफ्तार किया। इनके पास से दो की-पैड मोबाइल फोन और एक स्मार्टफोन भी बरामद किया गया है। पुलिस जांच में यह भी सामने आया है कि आरोपियों ने वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारियों के नाम से फर्जी व्हाट्सएप प्रोफाइल बनाकर आम लोगों से संपर्क किया और उनसे धन की उगाही की कोशिश की। पुलिस अब यह भी पता लगाने में जुटी है कि यह गिरोह किन-किन लोगों से संपर्क में आया था और किन खातों के माध्यम से पैसों का लेन-देन किया गया।<&sol;p>&NewLine;

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