एएसआई धर्मेंद्र ने ही की थी तृषा पटेल की गला दबाकर हत्या

&NewLine;<p><&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p><strong>जमशेदपुर&lpar;न्यूज़ साभार&rpar;&colon; <&sol;strong>पुलिस ने बिष्टुपुर की तृषा पटेल की हत्याकांड का खुलासा कर दिया है&period; उसकी हत्या ब्लैकमेल करने कारण की गई है&period; एएसआई धर्मेंद्र सिंह ने ही तृषा की हत्या कर शव को बोरे में बंद कर फेंक दिया था&period; उसने अपना गुनाह भी कबूल कर लिया है&period; यह जानकारी सिटी एसपी सुभाष चंद्र जाट ने दी है&period; उन्होंने बताया कि धर्मेंद्र ने पूछताछ में कहा कि तृषा उसे अक्सर रुपयों के लिए ब्लैकमेल करती थी&comma; जिससे वह काफी परेशान रहता था&period; इसी से छुटकारा पाने के लिए उसने हत्या का प्लान बनाया&period; घटना के दिन वह तृषा को लेकर टेल्को स्थित अपने क्वार्टर पहुंचा&period; घटना की रात उसने तृषा को अपने घर चलने को कहा&period; तृषा ने पैकिंग की और उसके साथ चल दी&period; वह उसे टेल्को रोड नंबर एक स्थित अपने क्वार्टर ले गया&period; वहां पहले दोनों के बीच शारीरिक संबंध बना&period; थोड़ी देर बाद दोनों के बीच विवाद हुआ&period; इसी का फायदा उठाते हुए उसने तृषा का सिर दीवार पर दे मारा&period; जब वह बेहोश हो गई&comma; तो गला दबाकर उसकी हत्या कर दी&period; हत्या करने के बाद उसने तृषा के शव को झोले में रखा और झोले के मुंह की सिलाई कर दी&period; काफी मुश्किलों से शव बोरे में वह ले जा सका और किसी तरह उसकी पैकिंग की<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>वहां उससे विवाद के बाद गुस्से में उसने उसका सिर दीवार पर पटक दिया&period; इसके बाद गला दबाकर उसकी हत्या कर दी&period; उसकी मौत होने पर शव को बोरे में बंद कर तार कंपनी सीटू तालाब में फेंक दिया&period; तृषा के सामान को स्वर्णरेखा नदी और मोबाइल को बिष्टुपुर में झाड़ियों में फेंक दिया था&period; अब तक वह तृषा को 40 हजार रुपए दे चुका था&period; घटना को अंजाम देने से पहले ही उसने छुट्टी की अर्जी दे दी थी उल्लेखनीय है कि 12 नवंबर की रात घर से लापता तृषा पटेल उर्फ वर्षा का शव टेल्को तार कंपनी तालाब में 17 नवंबर को एक बोरे में बंद मिला था।सिटी एसपी ने किया खुलासा&comma; कहा- ब्लैक मेलिंग करने पर गुस्से में घटना को दिया अंजाम।<&sol;p>&NewLine;

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