नरपतगंज सामुदायिक केंद्र में एनएचएम के सभी स्वास्थ्य कर्मियों ने कार्य का किया बहिष्कार

&NewLine;<p><&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p><&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p><strong>अररिया&comma; रंजीत ठाकुर<&sol;strong> नरपतगंज सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के सभी कर्मियों ने सरकार से समान काम समान वेतन और फेस रिकांग्निशन अटेंडेंट सिस्टम &lpar;एफआरएएस&rpar; को वापस लेने के लिए मांग किया। राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन&lpar;एनएचएम&rpar; के सभी स्वास्थ्य कर्मियों ने शनिवार को स्वास्थ्य केंद्र में काम का बहिष्कार करते हुए एक जुट होकर हड़ताल किया। जारी फेस रिकांग्निशन अटेंडेंट सिस्टम &lpar;एफआरएएस&rpar; को वापस लेने की मांग रखी। साथ ही समान काम समान वेतन के मांग समेत अपनी 10 सूत्रीय मांगों को हड़ताल के दौरान रखा। हड़ताल के दौरान सभी स्वास्थ्य कर्मियों ने बोला जब तक जारी एफआरएएस वापस नहीं ले लेते हैं&comma; तब तक सभी संविदा स्वास्थ्य कर्मी हड़ताल पर ही रहेंगे। कर्मी के हड़ताल पर जाने से मरीजों को भी इलाज में काफी परेशानी का सामना उठाना पड़ा। <&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>हड़ताल का नेतृत्व कर रहे सीएचओ प्रियंका प्रकाश&comma; कर रहे थे।वहीं मौके पर मौजूद सीएचओ हृदय सिंह&comma; सुरेंद्र सिंह&comma;अभिषेक &comma;जितेश एवं एन एस जी सुमेर सिंह &comma;खुशबू मिंज&comma;रोहित&comma; हरि तथा एएनएम सपना&comma; पूजा&comma; जानकी&comma; रिबन&comma;पिंकी &comma;रिंकू&comma;सुशीला&comma; रजनी&comma;आदि ने बताया कि सबसे अधिक काम संविदा स्वास्थ्य कर्मी ही करते हैं&comma; लेकिन सबसे कम नजर सरकार का स्वास्थ्य कर्मी पर ही रहता है। कोरोना काल में भी स्वास्थ्य कर्मियों ने अपनी जान की परवाह किए बगैर लाखों लोगों की जान बचाई है। इसके बावजूद भी सरकार हम लोगों के साथ दोहरी नीति अपना रही हैं। स्वास्थ्य विभाग के द्वारा जारी एफआरएएस को जब तक वापस नहीं लिया जाएगा तब तक हम लोग हड़ताल पर ही रहेंगे। सरकार से हमारी दस सूत्री मांग है।इसमे मुख्य मांग समान काम के लिए समान वेतन दे अन्यथा आने वाला समय में सभी स्वास्थ्य कर्मी एकजुट होकर अनिश्चितकालीन हड़ताल पर चले जाएंगे।<&sol;p>&NewLine;

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